नैनवां| अखिल भारतीय साहित्य परिषद शाखा नैनवां की ओर से शनिवार रात को शहर के गढ़चौक में हाड़ोती कवि सम्मेलन एवं सम्मान समारोह का आयोजन हुआ।
इसमें कवियों ने ओज, शृंगार व हास्य व्यंग्य से ओत-प्रोत काव्य पाठ किया। समारोह में महावीर प्रसाद गुरुजी द्वारा ज्योतिष विद्या को ध्यान में रखते हुए एवं सामान्य जीवन में ज्योतिष से संबंधित उपायों से परिपूर्ण पुस्तक सरल सुबोध प्रश्न तथा साहित्यकार जयसिंह आशावत द्वारा रचित हिंदी गीतों की पुस्तक मस्त मयूरा नाचेगा का लोकार्पण किया गया। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि पालिका चेयरमैन मधुकंवर थी। अध्यक्षता हरिमोहन सोनी ने की। शहर भाजपा अध्यक्ष पुखराज ओसवाल, पूर्व पार्षद भंवरसिंह ने समारोह में दोनों साहित्यकारों का एवं सभी आमंत्रित कवियों का शाॅल व श्रीफल भेंट कर सम्मानित किया। इसके बाद कवि अनिल रंगीला ने सरस्वती वंदना से कवि सम्मेलन की शुरुआत की। कवि राजेंद्र शर्मा, भूपेंद्र राठौर, गिरधर अदभूत, सत्यनारायण बावला, मोहम्मद हुसैन, संजय दीवाना, दुर्गाशंकर सेन, राजेश ठाकुर, भवानीशंकर साहू, सत्तार अली, जयसिंह आशावत ने अपनी रचना सुनाकर श्रोताओं को मंत्रमुग्ध कर दिया। कवि सम्मेलन का संचालन लक्ष्मण शर्मा ने किया। रात एक बजे परिषद अध्यक्ष अनिल रंगीला के धन्यवाद के साथ कवि सम्मेलन का समापन हुआ।
नैनवां. कवि सम्मेलन के दौरान पुस्तक का विमोचन करते अतिथि।
नैनवां| अखिल भारतीय साहित्य परिषद शाखा नैनवां की ओर से शनिवार रात को शहर के गढ़चौक में हाड़ोती कवि सम्मेलन एवं सम्मान समारोह का आयोजन हुआ।
इसमें कवियों ने ओज, शृंगार व हास्य व्यंग्य से ओत-प्रोत काव्य पाठ किया। समारोह में महावीर प्रसाद गुरुजी द्वारा ज्योतिष विद्या को ध्यान में रखते हुए एवं सामान्य जीवन में ज्योतिष से संबंधित उपायों से परिपूर्ण पुस्तक सरल सुबोध प्रश्न तथा साहित्यकार जयसिंह आशावत द्वारा रचित हिंदी गीतों की पुस्तक मस्त मयूरा नाचेगा का लोकार्पण किया गया। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि पालिका चेयरमैन मधुकंवर थी। अध्यक्षता हरिमोहन सोनी ने की। शहर भाजपा अध्यक्ष पुखराज ओसवाल, पूर्व पार्षद भंवरसिंह ने समारोह में दोनों साहित्यकारों का एवं सभी आमंत्रित कवियों का शाॅल व श्रीफल भेंट कर सम्मानित किया। इसके बाद कवि अनिल रंगीला ने सरस्वती वंदना से कवि सम्मेलन की शुरुआत की। कवि राजेंद्र शर्मा, भूपेंद्र राठौर, गिरधर अदभूत, सत्यनारायण बावला, मोहम्मद हुसैन, संजय दीवाना, दुर्गाशंकर सेन, राजेश ठाकुर, भवानीशंकर साहू, सत्तार अली, जयसिंह आशावत ने अपनी रचना सुनाकर श्रोताओं को मंत्रमुग्ध कर दिया। कवि सम्मेलन का संचालन लक्ष्मण शर्मा ने किया। रात एक बजे परिषद अध्यक्ष अनिल रंगीला के धन्यवाद के साथ कवि सम्मेलन का समापन हुआ।