नारनौल | जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के सचिव एवं मुख्य न्यायिक दंडाधिकारी विवेक यादव के मार्गदर्शन में शुक्रवार को गांव नसीबपुर में मजदूर पंजीकरण कानूनी जागरूकता शिविर का आयोजन किया। इस मौके पर कामगारों को पंजीकृत महिला कामगारों को दी जाने वाली सुविधाओं बारे विस्तारपूर्वक बताया गया। अधिवक्ता महेश कुमार ने बताया कि पंजीकृत महिला कामगार द्वारा साड़ी, छत्ता, बर्तन एवं स्वास्थ्य नैपकिन आदि खरीदने पर पैसे का भुगतान बोर्ड द्वारा किया जाता है। अस्थाई निवास स्थानों, निर्माण स्थलों पर चलती फिरती शौचालयों की सुविधा व कार्य स्थल पर छोटे बच्चों की देखभाल के लिए अस्थाई शिशु ग्रह की सुविधा भी प्रदान की जाती है। कानूनी स्वयं सेवक संजय कुमार ने बताया कि पंजीकृत श्रमिक की 60 वर्ष की आयु से पूर्व मृत्यु होने पर उसके द्वारा जमा करवाया गया अंशदान उसके नामित आश्रितों या कानूनी वारिस को वापस दिया जाता है। इसके अलावा पंजीकृत पेंशन भोगी कामगार की मृत्यु होने पर बोर्ड द्वारा उनकी प|ी-पति को परिवार पेंशन सहायता राशि 500 रुपए प्रति माह दी जाती है। इसके लिए पंजीकृत कामगार का मृत्यु प्रमाण-पत्र प्रस्तुत करना आवश्यक है। इस अवसर पर प्रदीप यादव, विकास कुमार, संदीप, पवन कुमार, अंगुरी, शारदा देवी, ओमकला व अन्य मजदूर लोग उपस्थित थे।