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5 डॉक्टर जाएंगे पीजी की पढ़ाई करने, ओपीडी पर पड़ेगा असर

3 वर्ष पहले
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जिले के सरकारी अस्पतालों में पहले से ही डॉक्टरों का टोटा चल रहा है, ऊपर से कई अस्पतालों में तैनात डॉक्टर नौकरी छोड़कर पीजी की पढ़ाई करने के लिए जा रहे हैं। ऐसे में आने वाले दिनों में ओपीडी पर खासा असर देखने को मिलेगा। सिविल सर्जन विभाग की रिपोर्ट मुताबिक पूरे जिले में 10 डेंटल डॉक्टर, 33 मेडिकल ऑफिसर, 22 विशेषज्ञ डॉक्टरों की टीम है। जिला मेडिकल कमिश्नर (डीएमसी) डा. दयाल स्वरूप ने बताया कि 5 सरकारी एमबीबीएस डॉक्टर अपना पद छोड़कर पीजी की पढ़ाई करने के लिए जा रहे हैं। इनमें सिविल अस्पताल नवांशहर के डेंटल डाॅक्टर सहित तीन, मुकंदपुर व कस्बा सड़ोआ के सिविल अस्पतालों से एक-एक डॉक्टर है।

उन्होंने बताया कि सिविल सर्जन विभाग द्वारा डॉक्टरों की नई भर्ती के लिए चंडीगढ़ दफ्तर को लिखकर भेज दिया गया। उनके विभाग को पूरी उम्मीद है कि चंडीगढ़ से नए डॉक्टरों की नियुक्ति होकर जिले में भेज दिए जाएंगे। खास बात यह है कि इन पदों के खाली होने से जिले के अलग-अलग सरकारी अस्पतालों की ओपीडी में आने वाले दिनों में खासा असर देखने को मिलेगा। सिविल अस्पताल के सीनियर मेडिकल अधिकारी डॉ. हरविंदर सिंह ने बताया कि सिविल अस्पताल में रोजाना छह सौ के करीब मरीजों की ओपीडी होती है। उनका चेकअप करने वाले गिनती के 6 डॉक्टर हर ओपीडी में उपलब्ध रहते हैं। उन्होंने बताया कि सोमवार व शुक्रवार को अस्पताल में ओपीडी की संख्या आम दिनों की तुलना अधिक होती है। अस्पताल में वैसे ही डॉक्टरों का टोटा चल रहा है, ऊपर से अस्पताल के तीन डॉक्टर नौकरी छोड़कर पीजी की पढ़ाई करने जा रहे हैं। डॉक्टरों की पोस्टें कम होने का कई बार अपने विभाग को लिख चुके हैं लेकिन लंबे समय से नए डॉक्टरों की अस्पताल में पद रिक्त पड़े हैं।

इन अस्पताल और हेल्थ सेंटरों की ओपीडी होगी प्रभावित : पांच सरकारी डॉक्टरों के पद छोड़ने पर 2 सिविल अस्पताल, 2 प्राइमरी हेल्थ सेंटर (पीएचसी), 5 कम्युनिटी हेल्थ सेंटर (सीएचसी) पर असर पड़ेगा। डॉक्टरों की कमी के कारण एक डॉक्टर को हफ्ते में दो जगह ड्यूटी देनी पड़ती है। हालात ये है कि ब्लाक स्तर के हेल्थ सेंटर में कार्यरत सिंगल डॉक्टर को कई बार दिन-रात ड्यूटी भी करनी पड़ती है।

अव्यवस्था

सिविल अस्पताल नवांशहर के डेंटल डाॅक्टर सहित तीन, मुकंदपुर व कस्बा सड़ोआ के सिविल अस्पतालों से एक-एक डॉक्टर नौकरी छोड़ने को तैयार

सिविल अस्पताल की ओपीडी के बाहर बैठे मरीज अपनी बारी का इंतजार

नए डॉक्टरों के िलए विभाग को लिखा है : सििवल सर्जन

सिविल सर्जन डॉ. गुरिंदर कौर चावला ने बताया कि नए डॉक्टरों की भर्ती के लिए वह हेल्थ विभाग को लिख चुकी हैं। पिछले दिनों विभाग में डॉक्टरों की नई भर्ती को लेकर प्रस्ताव पास किया गया। ऐसे में उन्हें पूरी उम्मीद है कि नए डॉक्टरों की भर्ती जल्द होगी।

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