जेएनयू में एक कोर्स के शुरू होने को लेकर जेएनयू प्रशासन और छात्र संघ के बीच विवाद पैदा हो गया है। दरअसल, जेएनयू की ओर से नेशनल सिक्योरिटी स्टडीज स्पेशल सेंटर शुरू करने का फैसला लिया है। लेकिन इस सेंटर के एक कोर्स का नाम ‘इस्लामिक टेरेरिज्म’ दिया गया है। इसे लेकर जेएनयू प्रशासन और जेएनयू छात्र संघ के बीच गहमागहमी का माहौल शुक्रवार को एकेडमिक काउंसिल की मीटिंग में भी नजर आया।
जेएनयू छात्र संघ के संयुक्त सचिव सुभांशु सिंह ने आरोप लगाते हुए कहा कि एकेडमिक काउंसिल की बैठक में हमारी बात को अनसुना कर दिया। विश्वविद्यालय के वीसी की मौजूदगी में डिस्कशन हो रहा था। इस बैठक में प्रोफेसरों ने कहा कि इस्लामिक टेरेरिज्म एक ग्लोबल टर्म है। यह बिल्कुल गलत है किसी समुदाय को आतंकवाद से कैसे जोड़ा जा सकता है। इस कोर्स को शुरू करना गलत है। हालांकि जेएनयू प्रशासन ने छात्रों के आरोपों का खंडन किया है। जेएनयू प्रशासन का कहना है कि कोर्स का नाम अभी तक फाइनल नहीं किया गया है।
छात्र संघ का आरोप- जेएनयू प्रोफेसरों ने इस्लामिक टेरेरिज्म को बताया ग्लोबल टर्म