पित्त की थैली में पत्थरी के ऑपरेशन में लापरवाही से महिला की मौत, केस दर्ज
रेफरल अस्पताल में बुधवार को डॉक्टरों द्वारा महिला का पोस्टमार्टम नहीं करने पर परिजनों व ग्रामीणों ने आक्रोश जताया। परिजन बुधवार सुबह नौ बजे महिला का शव लेकर रेफरल अस्पताल में पहुंच गए थे। थाना में बिना नंबरी एफआईआर दर्ज करवाने के बावजूद डॉक्टरों द्वारा पोस्टमार्टम नहीं करने पर परिजन दिनभर अस्पताल में इंतजार करते रहे। परिजनों ने डॉक्टरों की कार्यशैली को लेकर विरोध व्यक्त किया। घटना की जानकारी मिलने पर विधायक मनोज न्यांगली भी अस्पताल पहुंचे और अधिकारियों को फटकार लगाई। उन्होंने सीएमएचओ डॉ. मनोज शर्मा से वार्ता कर अस्पताल में कार्यरत डॉक्टरों द्वारा मृतक महिला का पोस्टमार्टम नहीं करने पर असंतोष व्यक्त किया। सीएमएचओ के हस्तक्षेप के बाद शाम को अस्पताल के डॉक्टरों ने महिला का पोस्टमार्टम किया। इधर महिला की मौत को लेकर हिसार के अस्पताल के एक डॉक्टर के खिलाफ लापरवाही बरतने का मामला दर्ज हुआ। पुलिस के अनुसार वार्ड पांच के रामकुमार जाट ने रिपोर्ट दी कि प|ी विमला के पित्त की थैली में पत्थरी होने पर हिसार के स्पर्श अस्पताल में भर्ती करवाया, जहां पर डॉ. महेंद्र ने लापरवाहीपूर्वक पित्त की थैली का ऑपरेशन किया, जिससे आंत कट गई। तकलीफ ज्यादा बढ़ने पर 27 मार्च को वापस ऑपरेशन कर दिया और दिल्ली के लिए रैफर किया। जहां डॉक्टरों ने बताया कि ऑपरेशन में लापरवाही से गुर्दे, फेफड़े खराब हो गए। मंगलवार रात को प|ी की मौत हो गई।
भास्कर न्यूज | सादुलपुर
रेफरल अस्पताल में बुधवार को डॉक्टरों द्वारा महिला का पोस्टमार्टम नहीं करने पर परिजनों व ग्रामीणों ने आक्रोश जताया। परिजन बुधवार सुबह नौ बजे महिला का शव लेकर रेफरल अस्पताल में पहुंच गए थे। थाना में बिना नंबरी एफआईआर दर्ज करवाने के बावजूद डॉक्टरों द्वारा पोस्टमार्टम नहीं करने पर परिजन दिनभर अस्पताल में इंतजार करते रहे। परिजनों ने डॉक्टरों की कार्यशैली को लेकर विरोध व्यक्त किया। घटना की जानकारी मिलने पर विधायक मनोज न्यांगली भी अस्पताल पहुंचे और अधिकारियों को फटकार लगाई। उन्होंने सीएमएचओ डॉ. मनोज शर्मा से वार्ता कर अस्पताल में कार्यरत डॉक्टरों द्वारा मृतक महिला का पोस्टमार्टम नहीं करने पर असंतोष व्यक्त किया। सीएमएचओ के हस्तक्षेप के बाद शाम को अस्पताल के डॉक्टरों ने महिला का पोस्टमार्टम किया। इधर महिला की मौत को लेकर हिसार के अस्पताल के एक डॉक्टर के खिलाफ लापरवाही बरतने का मामला दर्ज हुआ। पुलिस के अनुसार वार्ड पांच के रामकुमार जाट ने रिपोर्ट दी कि प|ी विमला के पित्त की थैली में पत्थरी होने पर हिसार के स्पर्श अस्पताल में भर्ती करवाया, जहां पर डॉ. महेंद्र ने लापरवाहीपूर्वक पित्त की थैली का ऑपरेशन किया, जिससे आंत कट गई। तकलीफ ज्यादा बढ़ने पर 27 मार्च को वापस ऑपरेशन कर दिया और दिल्ली के लिए रैफर किया। जहां डॉक्टरों ने बताया कि ऑपरेशन में लापरवाही से गुर्दे, फेफड़े खराब हो गए। मंगलवार रात को प|ी की मौत हो गई।