पाएं अपने शहर की ताज़ा ख़बरें और फ्री ई-पेपर

डाउनलोड करें
  • Hindi News
  • Local
  • Rajasthan
  • Sikar
  • एसडीएम बोले अधिकांश कब्जे वकीलों के ही थे, वकील बोले उनका नहीं है कोई वास्ता

एसडीएम बोले-अधिकांश कब्जे वकीलों के ही थे, वकील बोले-उनका नहीं है कोई वास्ता

3 वर्ष पहले
  • कॉपी लिंक
जेल के पास नए कोर्ट परिसर के सामने वकीलों की आड़ में आखिरकार कब्जे किए तो किसने किए? परिसर के सामने खाली पड़ी जोहड़ पायतान की जगह पर पटि्टयां गाड़कर दूर-दूर तक जगह को रोक लिया गया। गाड़ी गई पटि्टयों पर एडवोकेट गुर्जर, एडवोकेट आर्य जैसे कई वकीलों के नाम पेंट से लिखे गए थे।

एक तरफ वकीलों ने किसी भी प्रकार के कब्जे करने से इनकार किया है, वहीं प्रशासनिक अधिकारियों का कहना है कि हटाए गए अधिकांश कब्जे अधिवक्ताओं के ही थे। गौरतलब है कि नए भवन में कोर्ट स्थानांतरित होने के बाद कोर्ट परिसर के आस-पास कब्जोंं की बाढ़ सी आ गई थी। कुछ कब्जे कॉलोनी के लोगों ने भी कर डाले। उक्त कब्जों को सोमवार दोपहर तीन से पांच बजे तक तहसीलदार प्रदीप चाहर ने पालिका के सहयोग से हटवाए थे। कब्जे हटाने के बाद वकीलों का कहना है कि उन्होंने कब्जे किए ही नहीं। कब्जे के लिए रोपी गई पट्‌टी पर किसी वकील का नाम भी नहीं है, तो फिर प्रश्न उठता है कि आखिर कब्जे किसने किए?

रोपी गई पटि्टयों पर किसी वकील का नाम नहीं है और न ही किसी वकील ने कब्जा किया। एडवोकेट रामनिवास गुर्जर, सचिव अभिभाषक संघ

करीब 30 से 35 कब्जे हटाए गए, जिनमें ज्यादातर कब्जे अधिवक्ताओं के किए हुए थे। एसडीएम सुभाष कुमार

सादुलपुर. वकीलों ने नहीं तो फिर किसने किए कब्जे।

खबरें और भी हैं...