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आठ माह बाद भी कार्यालय की जमीन के डेढ़ करोड़ नहीं भर पाई भाजपा, कांग्रेसी पार्षदों की आवंटन निरस्त करने की मांग, हंगामा

3 वर्ष पहले
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सेसकर समाप्त करने पर भी जताया विरोध, बकाया सेसकर को लेकर इसकी वसूली और समय निर्धारित करने की रखी मांग को चेयरमैन ने किया अनसुना

भास्कर संवाददाता | पाली

नगर परिषद की साधारण सभा की बैठक शुक्रवार को बुलाई गई। भाजपा कार्यालय का मुद्दा एजेंडे में शामिल नहीं होने के बाद भी विपक्ष ने चेयरमैन महेंद्र बोहरा को जमकर घेरा। कार्यालय के लिए जमीन देने के बदले डेढ़ करोड़ से अधिक की राशि जमा नहीं होने पर आवंटन निरस्त करने की मांग की। करीब 20 मिनट तक चली बैठक हंगामेदार रही। जब एजेंडे में शामिल बिंदुओं को चेयरमैन धड़ाधड़ बोल रहे थे, तब विपक्षी पार्षद अपनी कुर्सी से खड़े हो गए तथा मनमर्जी का आरोप लगाते हुए बैठक से रवाना हो गए। इसके बाद चेयरमैन ने सभी प्रस्तावों को पारित मानते हुए बैठक समाप्ति की घोषणा कर दी। बैठक में विधायक ज्ञानचंद पारख की मौजूदगी में प्रतिपक्ष नेता भंवर राव ने भाजपा को आवंटित की गई जमीन को एजेंडे में शामिल नहीं करने पर आपत्ति जताई। कहा कि नगर परिषद की ओर से पांच मौखा पुलिया पर भाजपा कार्यालय के लिए 2 हजार वर्ग मीटर जमीन आवंटित की गई है। इसके 1 करोड़ 54 लाख 65 हजार 402 रुपए अगस्त 2017 में जमा होने थे। यह राशि अब जमा नहीं हुई। अन्य भूखंडों की राशि जमा नहीं होने पर उसका आवंटन निरस्त कर दिया जाता है। इस जमीन का आवंटन निरस्त क्यों नहीं किया जा रहा।

साधारण सभा के दौरान प्रतिपक्ष ने उठाया शहर में क्षतिग्रस्त सड़कों का मुद्दा, कहा- तीन साल से चेयरमैन व विधायक सिर्फ आश्वासन ही दे रहे हैं, लोग आए दिन हादसों का शिकार होकर जान गंवा रहे हैं

साधारण सभा की बैठक के दौरान शहर में खस्ताहाल सड़कें और गंदगी से भरे नालों के बैनर लहराता पार्षद।

सीईटीपी की जगह बन रही एसपीवी कंपनी के कारण सेसकर समाप्ति का प्रस्ताव पारित, लेकिन हर नगर परिषद को हर साल होगा 3 करोड़ से ज्यादा का नुकसान

सरकार के निर्देश पर अब पाली में भी सीईटीपी की जगह एसपीवी कंपनी बनेगी। सेसकर की वसूली यही कंपनी करेगी। साथ ही अब तक कपड़े की गांठों पर सेसकर तय था जिसकी वसूली नगर परिषद करती थी। नए प्रस्ताव के अनुसार सेसकर अब फैक्ट्रियों से छोड़े गए पानी की मात्रा पर वसूला जाएगा। इसी के चलते नगर परिषद ने यह साधारण सभा की बैठक बुलाई थी। बैठक में मुख्य एजेंडा सेसकर समाप्ति का ही था। यह प्रस्ताव अब डीएलबी को भिजवाया जाएगा।

हर साल तीन करोड़ से ज्यादा का नुकसान, भरपाई के लिए जोधपुर पैटर्न पर चर्चा

सीईटीपी के लिए सेसकर वसूली में नगर परिषद को 10 फीसदी हिस्सा मिलता है। यह लगभग 3 करोड़ सालाना से ज्यादा होता है। सेसकर वसूली बंद होने से नगर परिषद को सीधे तौर पर आर्थिक नुकसान होगा। इसकी भरपाई केे लिए बैठक में पार्षदों ने जोधपुर पैटर्न लागू करने का सुझाव दिया। इसके तहत नगर परिषद फैक्ट्रियों से या एसपीवी कंपनी से एक तय राशि वसूल कर सकती है।

जगदंबा कॉलोनी व भूखंड आवंटन जगदंबा कॉलोनी के लोगों को पट्टे जारी करने और अन्य लोगों को दूसरे स्थान पर जमीन आवंटित करने पर सहमति बनी। इसके साथ ही शहीद भगत सिंह आवासीय कॉलोनी में 500 भूखंड की नीलामी के लिए बीपीएल परिवार को प्राथमिकता देने का प्रस्ताव रखा।

शहर की क्षतिग्रस्त सड़कों पर चेयरमैन और विधायक को घेरा, दिखाए बैनर

बैठक में शहर की क्षतिग्रस्त सड़कों को लेकर भी मुद्दा उठा। इस दौरान प्रतिपक्ष नेता भंवर राव, डॉ. रमेश चावला, जीवराज बोराणा अन्य पार्षदों ने शहर में जहां भी क्षतिग्रस्त सड़कें हैं, वहां के बैनर दिखाए। इसमें साई बाबा मंदिर से सरस डेयरी लिंक रोड, गुरलाई मार्ग व रामदेव रोड समेत अन्य काॅलोनियों की क्षतिग्रस्त सड़कों के बैनर दिखाए। पार्षदों का आरोप था कि तीन साल से अधिक समय से यह सड़कें क्षतिग्रस्त पड़ी हैं और इनके सुधार को लेकर आज दिन तक केवल आश्वासन ही मिला है।

चेयरमैन: नियमों के तहत ही पांच मौखा पुलिस के पास जमीन आवंटित की, राशि जमा कराने के लिए नोटिस दे दिया, नहीं करवाई तो नियमानुसार कार्रवाई होगी

चेयरमैन ने नहीं सुना तो काॅन्फ्रेंस टेबल का बैरियर गेट तोड़ा, माइक भी गिराए

बैठक के दौरान जब चेयरमैन विपक्षी पार्षदों के आरोपों को अनसुना करने लगे तो प्रतिपक्ष नेता भंवर राव और पार्षद सीताराम शर्मा कुर्सी छोड़कर चेयरमैन के सामने आ गए। वेल में आने के लिए कांफ्रेंस टेबल पर लगा गेट तोड़ दिया। टेबल पर रखे माइक भी नीचे गिरा दिए।

हंगामे के बीच 44 में से 13 मुद्दों पर चर्चा, बाकी 31 प्रस्ताव 10 सैकंड में पारित

साधारण सभा की बैठक के एजेंडे में 44 प्रस्ताव थे। विपक्षी पार्षद शुरुआत से ही आरोप-प्रत्यारोप व हंगामा करते रहे। चेयरमैन ने इसी बीच 13 मुद्दों पर विस्तृत चर्चा की। लेकिन जब प्रतिपक्ष का विरोध बढ़ने लगा तो केवल उनका क्रम संख्या बोल पारित करने की घोषणा कर दी। 31 प्रस्ताव सिर्फ क्रम संख्या बोलकर 10 सैकंड में पारित मान लिए गए।

बेटी गौरव उद्यान व अन्य भूखंड इसके साथ ही रामसिया के निकट बेटी गौरव उद्यान बनाने को लेकर भी सभी ने सहमति जताई। वहीं नहर के पास महिला हॉस्टल, नंदीशाला व रामासिया के निकट बालिका विद्यालय के लिए जमीन देने का प्रस्ताव पारित किया गया।

सफाई व्यवस्था: शहर में स्वच्छता अभियान के तहत कचरा संग्रहण के लिए लगे ट्रैक्टर की अवधि को 6 महीने के लिए बढ़ाया गया। इस पर इन्हें किन दर पर तय किया गया है इसको लेकर भी पार्षद किशोर सोमनानी ने सवाल उठाया।

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