वृंदावन ट्रस्ट द्वारा राजकीय अंध विद्यालय में आयोजित कार्यक्रम में 135 विद्यार्थियों ने एक स्वर में गीता पाठ गाया तो ज्ञानानंद महाराज ने कहा कि समुद्र की लहरों की तरह प्राकृतिक स्वर में श्लोकों का गुंजन पहली बार सुना। इस मौके पर उन्होंने विद्यार्थियों को गीता पाठ करने के लिए प्रेरित किया।
ज्ञानानंद महाराज ने राजकीय अंध विद्यालय को देश में कीर्तिमान स्थापित करने की शुभकामना दी। संस्कृत में गीता पाठ, हिंदी में गीता पाठ और तीन पहर का गीता पाठ स्कूल के 50 प्रतिशत बच्चों को कंठस्थ है। 90 दिनों के प्रयास के बाद जब सभी विद्यार्थी सामूहिक प्रार्थना सीख लेंगे तो राष्ट्रीय स्तर पर पानीपत के अंध विद्यालय को प्रोत्साहन के साथ प्रस्तुत किया जाएगा। आगामी गीता जयंती पर देश की प्रमुख हस्तियों के समक्ष भी विद्यार्थियों को प्रोत्साहित किया जाएगा। कार्यक्रम के अंत में उन्होंने बच्चों को फल और मिठाई बांटी। राजकीय विद्यालय के प्राचार्य मनीष जैन ने विद्यालय की विभिन्न गतिविधियों से अवगत करवाया। ट्रस्ट के संरक्षक विकास गोयल, अध्यक्ष राकेश बंसल और सचिव हरीश बंसल ने भी अपने विचार रखे। इस अवसर पर नवीन गर्ग, पुनीत गर्ग, गौरव बंसल, संजय गोयल, अमरनाथ बंसल, अनुभव सिंगला आदि मौजूद रहे।
ज्ञानानंद महाराज ने कहा- समुद्र की लहरों की तरह प्राकृतिक स्वर में श्लोकों का गुंजन पहली बार सुना
पानीपत. अंध विद्यालय में स्वामी ज्ञानानंद महराज गीता का श्लोक सुनते हुए।