कथा के पांचवें दिन साध्वी त्रिपदा ने सुनाया महिषासुर वध का प्रसंग
पठानकोट |दिव्य ज्योति जागृति संस्थान की ओर से रामलीला ग्राउंड में श्रीमद्देवी भागवत महापुराण नवाह ज्ञानयज्ञ का आयोजन किया गया। जिसके पांचवे दिन कथाव्यास साध्वी त्रिपदा भारती ने सुमध्र भजनों के गायन से श्रद्धालुओं को लाभान्वित किया। कथा को संगीतमयी शैली में प्रस्तुत किया गया। जिसे श्रवण कर श्रोतागण भाव विभोर हो उठे। साध्वी त्रिपदा भारती ने महिषासुर वध के प्रसंग को बहुत ही रोचक ढंग से प्रस्तुत कर श्रद्धालुओं को मंत्र मुग्ध कर दिया। उन्होंने कहा, जब- जब सृष्टि पर अत्याचार, अधर्म, अनैतिकता, पाप इत्यादि की वृद्धि( होती है। तब- तब शक्ति जनमानस के कल्याण के लिए अवतार धारण कर उनका विनाश करती है, तथा भक्तो की रक्षा करती है। इसके साथ एक और महत्त्वपूर्ण बात जुड़ी हुई है। शक्ति का अवतरण जिस प्रकार सभी देवताओं के प्रकाश पुंज के समन्वय से हुआ, उसी प्रकार अगर हम भी अपने देश को इन बुरी वृतियों से मुक्त करना चाहते है तो हम सभी को भी संगठित होना होगा।
दिव्य ज्योति जाग्रति संस्थान की ओर से रामलीला ग्राउंड में किए जा रहे कार्यक्रम में उपस्थित संस्थान के सदस्य मुख्य मेहमानों को सम्मानित करते हुए।