डेयरीवाल में वीरवार को जंगलात महकमे की 20 एकड़ जमीन से कब्जे छुड़ाए। इससे पहले 50 एकड़ जमीन पर कब्जे छुड़ाए गए थे। कब्जे छुड़ाकर जमीन पर विभाग 2 हजार पेड़ लगाएगा।
वीरवार को कब्जा छुड़ाने के लिए डीएफओ संजीव तिवारी, एडीएफओ अमनीत सिंह, रेंज अफसर मदन लाल, जंग बहादुर सिंह, ब्लाक आफिसर वरिंद्र जीत, अश्वनी, पवन और 100 फारेस्ट कर्मचारियों तथा 35 पुलिसकर्मियों की टीम मौके पर गई थी। माल महकमे के कानूनगो के न पहुंचने पर डीएफओ खुद तहसीलदार परमप्रीत सिंह गोराया को लेकर आए और जमीन की निशानदेही करवाई। इसके बाद जमीन की तारबंदी कर उस पर पौधे लगाए गए। डीएफओ ने बताया कि फरीदानगर एरिया में रिजर्व फारेस्ट लैंड है, उस पर पिछले लंबे समय से कब्जे हुए हैं। कब्जाधारियों से जमीन छुड़ाने के लिए पुलिस सुरक्षा मांगी गई थी और कल जब स्टाफ कब्जा छुड़ाने गया था तो जंगलात कर्मियों को धमकाया गया था। इसके बारे में डीसी और एसएसपी को उनके खिलाफ कार्रवाई के लिए लिखा था।
भास्कर संवाददाता | पठानकोट
डेयरीवाल में वीरवार को जंगलात महकमे की 20 एकड़ जमीन से कब्जे छुड़ाए। इससे पहले 50 एकड़ जमीन पर कब्जे छुड़ाए गए थे। कब्जे छुड़ाकर जमीन पर विभाग 2 हजार पेड़ लगाएगा।
वीरवार को कब्जा छुड़ाने के लिए डीएफओ संजीव तिवारी, एडीएफओ अमनीत सिंह, रेंज अफसर मदन लाल, जंग बहादुर सिंह, ब्लाक आफिसर वरिंद्र जीत, अश्वनी, पवन और 100 फारेस्ट कर्मचारियों तथा 35 पुलिसकर्मियों की टीम मौके पर गई थी। माल महकमे के कानूनगो के न पहुंचने पर डीएफओ खुद तहसीलदार परमप्रीत सिंह गोराया को लेकर आए और जमीन की निशानदेही करवाई। इसके बाद जमीन की तारबंदी कर उस पर पौधे लगाए गए। डीएफओ ने बताया कि फरीदानगर एरिया में रिजर्व फारेस्ट लैंड है, उस पर पिछले लंबे समय से कब्जे हुए हैं। कब्जाधारियों से जमीन छुड़ाने के लिए पुलिस सुरक्षा मांगी गई थी और कल जब स्टाफ कब्जा छुड़ाने गया था तो जंगलात कर्मियों को धमकाया गया था। इसके बारे में डीसी और एसएसपी को उनके खिलाफ कार्रवाई के लिए लिखा था।
डेयरीवाल में छुड़ाई गई जमीन पर पौधे लगाते वनकर्मी।