इलेक्ट्रिक इंजन के बाद डीएमडब्ल्यू 60 टॉवर इलेक्ट्रिक वैगन बनाने जा रहा है। पिछले दिनों रेलवे बोर्ड ने अथॉरिटी को इसकी मंजूरी दी है। वहीं अथॉरिटी आईएफसी चेन्नई डीएमडब्ल्यू से अधिकारी डिजाइन और ड्राइंग लेने गए हैं। इनके लिए आईएफसी चेन्नई की देखरेख में इक्यूपमेंट के टेंडर किए जाएंगे। टॉवर वैगन की मंजूरी मिलने के बाद अब डीएमडब्ल्यू में मुलाजिमों की शिफ्टिंग नहीं हो सकेगी। पहले 60 इलेक्ट्रिक इंजन और 50 डीजल इंजन को दोबारा से अथॉरिटी बनाने जा रही है। देश में 63 हजार किमी. लंबे रेलवे ट्रैक पर इलेक्ट्रिफिकेशन होना है। अभी तक 30 हजार किमी. एरिया में काम हो चुका है। डीएमडब्ल्यू के सीईओ रमेश कुमार ने बताया कि अथॉरिटी से 60 टॉवर वैगन बनाने जा रही है। अधिकारी ड्राइंग और डिजाइन लेने चेन्नई गए हैं। जैसे ही ड्राइंग और डिजाइन आ जाएंगी, काम शुरू हो जाएगा।