प्राइमरी से कंप्यूटर सीखेंगे बच्चे, 56 स्कूलों में बनेंगी साेल लैब
पटियाला के 56 प्राइमरी स्कूलों में हाईटेक (सेल्फ ओरिएंटेड लर्निंग एन्वायरनमेंट) साेल लैब बनाई जाएंगी ताकि बच्चे प्राइमरी क्लास से ही कंप्यूटर सीख सकें। इसका लाभ ग्रामीण क्षेत्र के स्कूलों में पढ़ने वाले बच्चों को ही मिलेगा। जिले में सबसे पहले इस तरह की लैब गांव सिद्धूवाल के स्कूल में बनाई गई थी। इसकी सफलता के बाद 56 गांवाें के अन्य स्कूलों में इस तरह की लैब खोलने का शिक्षा विभाग आैर सरकार ने फैसला लिया है। डिप्टी डीईआे एलिमेंट्री मधु बरुअा ने बताया कि जिले के 946 प्राइमरी स्कूलों में से 56 स्कूलों काे साेल लैब के लिए चुना गया है। सभी स्कूल ग्रामीण क्षेत्र के हैं।
डिजिटल इंडिया
एससी कैटागिरी के बच्चों की संख्या के आधार पर चुने गए हैं स्कूल, बिजली आैर इंटरनेट बिल पंचायत भरेंगी
पंचायतें भरेंगी बिजली अाैर इंटरनेट का बिल
लैब में कंप्यूटर चलाने से खर्च होने वाली बिजली का बिल आैर इंटरनेट चार्जेस संबंधित पंचायत भरेगी। जिन गांवाें की पंचायतें लैब में एसी लगवाने पर आने वाला खर्च देने के लिए सहमत होंगी वहां पर एसी भी लगवाया जाएगा।
डिजिटल इंडिया के तहत स्टूडेंट्स को हाइटेक बनाना उद्देश्य: एडीसी
एडीसी विकास शाैकत अहमद परे ने बताया कि सेल्फ ओरिएंटेड लर्निंग एन्वायरनमेंट लैब का उद्देश्य ग्रामीण स्टूडेंट्स काे डिजिटल इंडिया के तहत हाईटेक करना है। पायलट प्राेजेक्ट के तहत गांव सिद्धूवाल में लैब बनाई गई थी। इसकी सफलता के बाद इस प्रोजेक्ट को अब आगे बढ़ाया जा रहा है। अगर जिले के इन स्कूलों में भी यह प्रोजेक्ट कामयाब रहा आैर बच्चों तथा अध्यापकों से इसका अच्छा रिस्पांस आया तो अन्य सरकारी स्कूलों में भी इसे लागू करने का प्लान बनाया जा सकता है ताकि सभी बच्चे कंप्यूटर सीख पाएं।
यहां बनेंगी लैब...सरकार एलिमेंट्री स्कूल दाैण कलां, दाैण खुर्द, कसियाणा, अालमपुर, धर्मकाेट, मिट्ठूमाजरा, फगनमाजरा, पहाड़ीपुर, बीबीपुर, शेरमाजरा, मरदांहेड़ी, बठाेइ खुर्द, तरैं, प्रतापगढ़, सनाैर, मीरांपुर, भांखर, घड़ाम, देवीगढ़, कछवा, माड़िया, पंडतां, सलेमपुर शेखां, घनाैर, हरपालपुर, लाेहसिंबली, नीलपुर, मानकपुर व अन्य स्कूल चुने गए हैं।
एससी स्टूडेंट्स की संख्या के आधार पर चुने गए स्कूल....लैब के वही स्कूल चुने गए जहां एससी कैटेगरी के बच्चों की संख्या ज्यादा है। लैब स्थापित हाेने पर बच्चाें काे इंटरनेट का भी ज्ञान मिलेगा। लैब स्थापित होने से बच्चे पहली क्लास से ही कंप्यूटर सीखना शुरू करेंगे। इस लैब में गूगल पर सर्च करना, पेंट करना, स्टाेरी लिखना, इंग्लिश राइटिंग जैसी एक्टिविटी करवाई जाएंगी।