गैंगरेप पीड़िता को भेजा अल्पवास गृह, कोर्ट में आज दर्ज होगा बयान
नालंदा की नाबालिग लड़की के साथ जीपीओ गोलंबर के पास हुए गैंगरेप के मामले में गार्डिनर अस्पताल में हुए मेडिकल टेस्ट की रिपोर्ट पुलिस को मिल चुकी है। सूत्रों की मानें तो रिपोर्ट के अनुसार पीड़िता के साथ पहले भी दुष्कर्म की घटना हो चुकी है। रिपोर्ट में डॉक्टरों ने किसी तरह के आंतरिक और बाह्य जख्म से इनकार किया है। पुलिस पीड़िता से पुरानी घटनाओं के बारे में भी पूछताछ की है। हालांकि पीड़िता ने अभी इस संबंध में कुछ भी नहीं बताया है। इस बीच पीड़िता ने पुलिस को इतना कहा है कि वह पहले भी दो बार अपने घर से भाग गई थी। दूसरी बार जब भागी थी तब लोगों ने उसे बक्सर के एक चाइल्ड हेल्पलाइन सेंटर में रख दिया था। कुछ दिन वहां रहने के बाद वह दोबारा वहां से भाग गई थी।
... पिता से पूछताछ
इधर सोमवार को पीड़िता के पिता पुलिस के समक्ष उपस्थित हुए। एसआईटी को लीड कर रहे डीएसपी शिबली नोमानी ने उनसे पूछताछ की। पिता ने पुलिस को बताया कि वह पहले भी घर से भाग चुकी है। उन्होंने कहा कि वह 11 अप्रैल को ही घर से भागी थी। बेटी के आरोप को भी पिता ने खारिज किया है। पीड़िता ने आरोप लगाया था कि उसके मामा ने उसे 5 लाख में बेच दिया था।
मोनू ने खिलाया था खाना, दिया था प्रलोभन
11 अप्रैल को ही पीड़िता की मुलाकात मोनू से हुई थी। तब वह जीपीओ के रास्ते पटना जंक्शन जा रही थी। पीड़िता ने पुलिस को बताया कि जिस समय उसकी मुलाकात मोनू से हुई उस वक्त उसके साथ बउआ, फेकन और छोटू भी था। पीड़िता ने बताया कि उस दिन वह बहुत भूखी थी और मोनू ने उसे खाना खिलाया था। खाना खिलाने के बाद उसने पीड़िता का मोबाइल रख लिया था। प्रलोभन देते हुए मोनू ने पीड़िता से कहा था कि अगली बार जब आओगी तो मिलना। 14 की रात जब पीड़िता पटना जंक्शन पहुंची तो मोनू मिल गया। उसने पुलिस को बताया कि मोनू उसे जबरन अपने दुकान में ले गया और मुंह पर दुपट्टा बांध दिया। इसके बाद छोटू फिर मोनू ने उसके साथ दुष्कर्म किया।
बोर्ड की रिपोर्ट का इंतजार
मामले में आईजी नैय्यर हसनैन खान ने मेडिकल बोर्ड गठित करने का आदेश दिया था। इस बाबत सोमवार को पीएमसीएच में पीड़िता का मेडिकल टेस्ट कराया गया। पुलिस ने बताया कि जांच पूरी कर ली गई है। अब पुलिस को डॉक्टरों के बोर्ड का इंतजार है। जांच के कारण सोमवार को कोर्ट में पीड़िता का 164 का बयान दर्ज नहीं कराया जा सका। बताया गया कि मंगलवार को कोर्ट में पीड़िता का बयान दर्ज कराया जाएगा।
आरोपियों की तलाश
गैंगरेप की घटना के बाद से पुलिस मुख्यालय तक में हड़कंप है। आईजी ने अरोपियों को जल्द से जल्द गिरफ्तार करने का आदेश दिया है। मामले में बनी एसआईटी ने सोमवार को पटना सिटी, फतुहा, पुनपुन सहित कई इलाकों में छापेमारी की। पुलिस को आशंका है कि मोनू अपने किसी संबंधी के यहां छिपा हुआ है। सोमवार को पुलिस मोनू की मां और उसके भाई से भी पूछताछ की।