भवन निर्माण विभाग ने बजट उपबंध का 81% किया खर्च
भवन निर्माण विभाग ने वित्तीय वर्ष 2017-18 में बजट उपबंध का 81.50 फीसदी खर्च किया, जो सर्वश्रेष्ठ उपलब्धि है। गैर योजना मद में बजट उपबंध का करीब 80 फीसदी और विभागीय योजनाओं में बजट उपबंध का करीब 85.24 फीसदी खर्च किया गया है। यह उपलब्धि मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के कुशल मार्गदर्शन के फलस्वरूप प्राप्त हुई है। भवन निर्माण मंत्री योजनाओं की सतत समीक्षा करते रहे हैं। इस वित्तीय वर्ष में बिहार विधान सभा एवं सचिवालय विस्तारीकरण, बिहार संग्रहालय एवं सम्राट अशोक अन्तरराष्ट्रीय कन्वेंशन सेंटर को पूर्ण कर जनता को समर्पित किया गया है। इसके अलावा मुंगेर, शेखपुरा, लखीसराय, समस्तीपुर आदि जिलों में राजकीय पाॅलिटेक्निक, 11 स्थानों पर आईटीआई, सभी 38 जिलों में जिला निबंधन सह परामर्श केंद्र (चहारदीवारी आदि सहित), राज्य के विभिन्न स्थानों में प्रखंड भवन एवं जिला कोर्ट भवन इत्यादि का निर्माण पूरा किया गया है। सभी अभियंताओं एवं संवेदक के साथ किए जा रहे समीक्षा एवं अच्छे कार्य करने वाले को प्रोत्साहन एवं कार्य में लापरवाही के लिए सजा/दंड अधिरोपित करने और भवन निर्माण विभाग के पदाधिकारियों, अभियंतागण एवं संवेदकों के कठिन परिश्रम एवं आचरण के कारण यह सर्वश्रेष्ठ उपलब्धि प्राप्त हुई है।
चालू वित्तीय वर्ष में कई योजनाएं हो जाएंगी पूरी
वित्तीय वर्ष 2018-19 में कई महत्वाकांक्षी परियोजनाओं यथा पुलिस मुख्यालय भवन, प्रशासनिक प्रशिक्षण संस्थान गया, पीएमसीएच में आईजीआईसी के नए भवन, उच्च न्यायालय विस्तारीकरण, विधायक आवास, नई दिल्ली स्थित बिहार सदन, राजगीर स्थित अंतरराष्ट्रीय स्टेडियम-सह-खेल अकादमी, एपीजे अब्दुल कलाम साइंस सिटी, गर्दनीबाग में विभिन्न प्रकार के आवासीय भवन (न्यायिक सहित), शास्त्रीनगर में वरीय पदाधिकारियों के लिए आवास का निर्माण, वैशाली में बुद्ध सम्यक दर्शन संग्रहालय, दरभंगा में तारामंडल-सह-विज्ञान संग्रहालय, उपेंद्र महारथी शिल्प अनुसंधान केंद्र, पटना में पुरातत्व भवन, पटना में नए समाहरणालय भवन का निर्माण, गया में कन्वेंशन सेंटर का निर्माण, राजभवन में राजभवन सचिवालय का निर्माण और चंपारण सत्याग्रह की 100वीं वर्षगांठ के अवसर पर मुख्यमंत्री द्वारा की गई घोषणा के अनुरूप पटना में बापू टावर का निर्माण किया जाना है। साथ ही अभियंत्रण महाविद्यालय कटिहार, सासाराम, शेखपुरा, पूर्णिया, बांका, बेगूसराय, हाजीपुर, सहरसा, बख्तियारपुर, जमुई, सुपौल, सीतामढ़ी, बक्सर, मधेपुरा, आरा, भभुआ, बेतिया तथा औरंगाबाद के साथ शेखपुरा, खगड़िया, सीवान, अररिया, नवादा, बक्सर, गया, बेतिया आदि जिलों में राजकीय पाॅलिटेक्निक का निर्माण, 66 स्थानों में औद्यौगिक प्रशिक्षण संस्थान एवं 18 स्थानों में संयुक्त श्रम भवन का निर्माण जारी है।