इन दिनों तापमान 43 डिग्री तक पहुंच गया है। ऐसे मे लोगों के साथ पशु-पक्षियों का भी गर्मी से हाल बेहाल है। लोगों की दिनचर्या में भी काफी बदलाव देखने को मिल रहा है। गर्मी से बचने के लिए लोग कुछ कामों को या तो दोपहरी होने से पहले या फिर शाम होने के बाद कर रहे हैं। लोग तो जैसे-तैसे अपना बचाव कर रहे हैं, लेकिन मूक पक्षी क्या करें, ऐसी गर्मी में वो भी पानी के लिए परेशान है। पक्षियों की इसी पीड़ा को समझते हुए और दैनिक भास्कर की सेव वर्ड विनम्र अपील से प्रेरित होकर जारोड़ा निवासी 70 वर्षीय शंकरलाल जाजड़ ने सड़क किनारे करीब दो किमी क्षेत्र में पक्षियों के लिए पानी के 140 परिंडे लगाए हैं। अब इन परिंडों में रोजाना दो किमी चलकर पानी व दाना डालते हैं। इतना ही नहीं यदि परिंडों में धूल-मिट्टी आ जाए तो उनकी सफाई भी करते हैं। सुबह के करीब 2 से 3 घंटे का समय पक्षियों के लिए लगाए परिंडों में पानी डालने के लिए निकलते हैं। दोनों हाथों में करीब 5-6 लीटर की कैनों में पानी लेकर जाते हैं, और सभी परिंडों में पाली डालने के बाद ही घर लौटते हैं। इस कार्य को करने के लिए उन्हें करीब 8 से 10 चक्कर लगाने पड़ते हैं। जाजड़ा बताते हैं कि पक्षियों के लिए गर्मी के दिनों में सड़क किनारे पेड़ों पर परिंडे बांधने व उनमें पानी डालने का कार्य वो गत तीन साल से करते आ रहे हैं। जाजड़ा ने कुछ दिनों पहले वन्यजीवों के लिए भी पांच हजार लीटर पानी की क्षमता की एक खैली का भी निर्माण करवाया है। ताकि वन्य जीवों को आसानी से पानी मिल सके। शंकरलाल द्वारा गत तीन साल से पक्षियों के लिए परिंडे लगाने उनमें रोजाना पानी भरने को लेकर गांव के लोग उनके इस कार्य की जमकर सराहना करते हैं।
हीट स्ट्रोक और डायरिया की होती है पक्षियों को शिकायत
शंकरलाल जाजड़ा बताते हैं कि भीषण गर्मी में लोगों में कई तरह की मौसमी बीमारियां बढ़ जाती हैं, वहीं पक्षियों में भी गर्मी के दिनों में पानी नहीं मिलने व अधिक गर्मी के कारण हीट स्ट्रोक और डायरिया की शिकायत देखने को मिलती है। मनुष्य तो अपनी समस्या को लेकर डॉक्टरों के पास चला जाता है, लेकिन पक्षी क्या करें। पक्षियों की इस समस्या को देखते हुए लोगों को चाहिए कि वो अपने आस-पास के क्षेत्र में पक्षियों के लिए परिंडे लगाकर उनमें नियमित पानी डालें। जिससे कि मूक पक्षियों को भीषण गर्मी में राहत मिल सके। जाजड़ा से इस नेक कार्य के शुरू किए जाने को लेकर पूछा तो उन्होंने बताया कि करीब तीन साल पहले दैनिक भास्कर में पक्षियों को बचाने के लिए गर्मी के दिनों में परिंडे लगाने व उनमें पानी डालने के लिए शुरू की गई अपील से प्रेरणा मिली। तभी से हर साल पक्षियों के लिए परिंडे लगाते आ रहे हैं। भास्कर की विनम्र अपील है कि पक्षियों को बचाने के लिए इसी तरह अन्य लोग भी अपने आस-पास के क्षेत्र में परिंडे लगाकर उनमें पानी व दाना डालकर इस नेक कार्य में अपना सहयोग दें।