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पाइप लाइन से जोड़ने बाद भी चार माह से सूखी पड़ी है मड़वा गांव की जीएलआर

3 वर्ष पहले
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भास्कर संवाददाता | पोकरण (आंचलिक)

ग्राम पंचायत मड़वा के आस-पास गांव व ढाणियां जलदाय विभाग द्वारा बनाई गई जीएलआर पिछले चार माह से सूखी होने के कारण जीएलआर के पास पशु मंडरा रहे है। वहीं ग्रामीणों द्वारा जीएलआर में पानी नहीं आने के कारण ग्रामीणों को महंगे दामों पर पानी खरीदकर प्यास बुझानी पड़ रही है। ग्रामीण जमालदीन व उमरदीन ने बताया कि मड़वा गांव के आस-पास क्षेत्र में पिछले एक वर्ष पूर्व जलदाय विभाग द्वारा बनाई गई एक भी जीएलआर में पानी नहीं पहुंचने के कारण ग्रामीणों को पेयजल संकट का सामना करना पड़ रहा है। ग्रामीणों ने बताया कि ग्राम पंचायत मड़वा के जिम्मेदारों की ढाणी, जमालदीन की ढाणी, बंगोलाई नाडी, तंवरों की ढाणी, बेलदारों की ढाणी, मदरसे की ढाणी, सुथारों की ढाणी, रायलों की ढाणी मदरसा, मुसलमानों का बास मड़वा में पिछले चार माह से जीएलआर सुखी पड़ी है। उन्होंने बताया कि जलदाय विभाग द्वारा इन जीएलआर को पाइप लाइन से जोड़ देने के बाद भी जीएलआर में पानी नहीं पहुंच पा रहा है। जिसके कारण यह जीएलआर पानी के अभाव में क्षतिग्रस्त हो रही है। उन्होंने बताया कि इस भीषण गर्मी में जीएलआर में पानी नहीं आने के कारण ग्रामीणों सहित पशुधन को भी तकलीफों का सामना करना पड़ रहा है। उन्होंने बताया कि इस संबंध में जलदाय विभाग के अधिकारियों व कर्मचारियों को सूचित किया गया लेकिन उनके द्वारा कोई संतोषजनक जवाब नहीं दिया जा रहा है। उन्होंने बताया कि अगर एक सप्ताह में इन जीएलआर में पानी की सप्लाई नहीं की गई तो ग्रामीणों द्वारा जलदाय विभाग के आगे धरना व विरोध प्रदर्शन किया जाएगा। जिसकी जिम्मेदारी जलदाय विभाग की होगी।

भणियाणा. क्षेत्र में इन दिनों पड़ रही गर्मी के साथ ही कस्बे सहित ग्रामीण क्षेत्रों में पेयजल आपूर्ति लड़खड़ाने के कारण ग्रामीणों व पशुपालकों को परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। तालाब व नाडिय़ों में पानी सूखने के साथ जलदाय विभाग की ओर से की जाने वाली जलापूर्ति के गड़बड़ाने से ग्रामीण बूंद-बूंद पानी के मोहताज हो गए हैं।

पोकरण (अांचलिक) माडवा के कई गांव में पानी के अभाव में सुखी पड़ी जीएलआर

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