नगर पंचायत में पाइप लाइन बिछाने के कुछ दिन बाद टूटा, नहीं मिल रहा पानी
नगर पंचायत में सार्वजनिक पेयजल सुविधा फेल हो गई है। नगर में दो पानी टंकी बनी व पाइप लाइन का विस्तार भी हुआ। इसके बाद भी स्थानीय लोगों को पानी की समस्या से निजात नहीं मिल रही है। इधर वाटर एटीएम का काम भी आधा-अधूरा छोड़ दिया गया है।
नगर पंचायत की स्थापना के बाद पानी की समस्या दूर करने शासन द्वारा लगभग दो करोड़ की स्वीकृति दी गई थी। इससे पानी टंकी सहित पाइन लाइन के विस्तार का काम किया गया लेकिन कुछ दिनांे बाद ही पाइप लाइन क्षतिग्रस्त होने से व्यवस्था बाधित हो गई। बाद में समस्या से निपटने नगर पंचायत द्वारा लाखों खर्च कर पानी टंकी की खरीदी की गई ताकि वार्डो में पानी की समस्या दूर हो सके परन्तु रखरखाव के अभाव में पानी टंकी भी खराब हो गई। जनप्रतिनिधियों की मांग पर शासन द्वारा फिर से 3 करोड़ की स्वीकृति प्रदान कर नई टंकी का निर्माण कराने एवं वार्डो में पाइप लाइन का विस्तार करने पीएचई विभाग को जिम्मेदारी दी गई है। इस काम मेंे भी मनमानी चल रही है। गर्मी मेंे जल स्तर नीचे चले जाने के कारण कई हैंडपम्प जबाव दे चुके हैं ऐसे में लोगोंे के सामने पानी की गंभीर समस्या खड़ी हो गई है।
आठ महीने पहले नगर पंचायत के सामने वाटर एटीएम लगाने की स्वीकृति मिली तो लोगोंे को राहत मिली थी कि उन्हें अब शुद्ध पानी मिल सकेगा लेकिन यह भी लेट लतीफी का शिकार हो गई। आज तक काम अधूरा पड्ा है। इससे वाटर एटीएम का लाभ लोगों को मिलता नजर नहंी आ रहा है। इस संबंध में पीएचई केे एसडीओ वीके शर्मा एवं सीएमओ मोहर लाल गहरबरिया से संपर्क करने का प्रयास किया गया लेकिन उनसे बात नहीं हो पाई।
करोड़ों खर्च, काम अधूरा
ग्रामीण बोले- नगर की व्यवस्था ग्राम पंचायत से भी खराब
ग्रामीणों का कहना है कि कुछ साल पहले ग्राम पंचायत की व्यवस्था में लोग ज्यादा खुश थे लेकिन नगर पंचायत बनने के बाद से धीरे-धीरे व्यवस्था बिगड़ती चली गई। करोड़ों खर्च करने के बाद भी नगर में मूलभूत सुविधाओं का अभाव है। नगर पंचायत बनने के दस साल बाद भी लोगों को पानी की समस्या से छुटकारा नहीं मिल पाया है। इस संबंध में कई बार शिकायत करने के बावजूद आज तक किसी ने ध्यान नहीं दिया, इसका खामियाजा क्षेत्रवासियों को भुगतना पड़ रहा है।