पत्थलगड़ी आंदोलन के समर्थन में छह जिलों में दी गईं गिरफ्तारियां
भास्कर न्यूज | राजनांदगांवबालोद कोरबारायगढ़ जांजगीर धमतरी
जशपुर से शुरू हुई पत्थलगड़ी आंदोलन की आहट अब कई जिलों में सुनाई देने लगी है। मंगलवार को छह जिला मुख्यालयों में आदिवासी नेताओं की अगुवाई में सर्व आदिवासी समाज जुटा और गिरफ्तारियां दी। दरअसल, नक्सल प्रभावित क्षेत्र खुर्सेकला और खुर्सेखुर्द में पत्थलगड़ी को लेकर 41 आदिवासी नेताओं को गिरफ्तार किया गया था। अब आदिवासी समाज बिना शर्त इनकी रिहाई की मांग कर रहा है। कई जिलों में बड़ी तादाद मेें आदिवासियों के जुटने से सड़कों पर जाम की स्थिति बन गई। राज्यभर से 665 लोगों की गिरफ्तारी देने की खबर है।
छत्तीसगढ़ सर्व आदिवासी समाज के जिला अध्यक्ष देवनारायण नेताम और जिला किसान संघ के अध्यक्ष सुदेश टीकम ने राजनांदगांव में ऐलान किया कि आने वाले समय में हर गांव में पत्थलगड़ी होगी। इस जेल भरो आंदोलन के बाद 21 मई को फिर से प्रस्ताव बनाने की तैयारी है। अलग-अलग गांवों में इसकी रूपरेखा तैयार की जा रही है।
राजनांदगांव में प्रदर्शन करता आिदवासी समाज।
बालोद में भी बड़ा निर्णय
यहां गोंडवाना भवन में हुई सभा में आदिवासियों ने संकल्प लिया कि अब जिले के गांवों में भी पत्थलगड़ी करेंगे। सर्व आदिवासी समाज के अध्यक्ष गजानन्द प्रभाकर ने कहा कि इस अधिकार से शासन हमें नहीं रोक सकता। रमन सरकार आदिवासियों के अधिकारों का हनन कर रही है। जशपुर में गुरुवार को पत्थलगांव में सर्व आदिवासी समाज के नेतृत्व में समाज के लोग गिरफ्तारी देंगे।
कवर्धा में विफल:- कवर्धा में 7 आदिवासी संगठनों के बैनर तले आदिवासी समाज के एकत्र होने का एजेंडा बना था लेकिन बमुश्किल 15 लोग ही जुटे तो गिरफ्तारी का इरादा टालना पड़ा।
कहां-कितने गिरफ्तार
जिला गिरफ्तार
राजनांदगांव 92
बालोद 289
कोरबा 118
रायगढ़ 58
जांजगीर 37
धमतरी 71
कुल 665