ट्रेन में सफर करने वाली गर्ल्स और वुमंस को सेल्फ डिफेंस सिखाने के मकसद से जीआरपी छत्तीसगढ़ और मितान पुलिस टाइम्स की आेर से सात दिवसीय ट्रेनिंग प्रोग्राम \\\"रेल गर्जना\\\' आयोजित किया गया। इसके तहत सेफ्टी पिन, दुपट्टा, पेन, क्लिप और पर्स जैसे सामान इस्तेमाल कर छेड़छाड़ करने वाले को सबक सिखाने का तरीका समझाया गया। ट्रेनर हर्षा साहू ने अपनी टीम के साथ चलती ट्रेन में, प्लेटफॉर्म और वेटिंग रूम में महिलाओं को छेड़छाड़ से बचने के तरीके सिखाए। उन्होंने कोहनी और घुटने से वार करना भी सिखाया। चलती ट्रेन में महिलाओं को आत्मरक्षा के तरीके सिखाने की इस पहल की रेलमंत्री पीयूष गोयल ने सराहना की है। आयोजकों की ओर से किए गए ट्वीट को लाइक करने के साथ ही पीयूष ने रीट्वीट भी किया। कैंप की सक्सेस के बाद अब ये तय किया गया है कि अब हर हफ्ते एक दिन रेल गर्जना की टीम किसी भी ट्रेन में सफर कर महिलाओं को सेल्फ डिफेंस की ट्रेनिंग देगी।
अन्य राज्यों की पुलिस टीम ने भी की तारीफ
पुलिस अधीक्षक मिलना कुर्रे ने बताया कि कार्यक्रम के तहत हजारों महिलाओं को सेल्फ डिफेंस सीखने के लिए अवेयर किया गया। इस पहल को महाराष्ट्र, राजस्थान और एमपी पुलिस ने भी सराहा। पूर्व डीजीपी राजीव श्रीवास्तव ने बताया कि हमसे प्रेरणा लेकर अब दूसरे राज्यों की पुलिस भी ये पहल शुरू करने जा रही है।
रेल मंत्री ने किया रीट्वीट
सेल्फ डिफेंस की ट्रेनिंग देतीं हर्षा साहू।