नेशनल लोक अदालत में रखे जाएंगे 13 हजार प्रकरण
रायसेन| जिला न्यायालय सहित सभी तहसील न्यायालयों में 22 अप्रैल को नेशनल लोक अदालत का आयोजन किया जा रहा है। इस नेशनल लोक अदालत में जिले भर से लगभग 5 हजार लंबित मामले रखे जाएंगे, जिनका आपसी राजीनामे के आधार पर निराकरण किये जाने का प्रयास किया जाएगा। इसी प्रकार पूरे जिले में लगभग 8000 प्रीलिटिगेशन प्रकरण विद्युत, बैंक एवं नगर पालिका के वसूली योग्य मामले लोक अदालत में रखे जाएंगे।
जिला एवं सत्र न्यायाधीश विमल प्रकाश शुक्ला के निर्देशन में जिला एवं तहसील स्तर के न्यायालयों में मामलों का निराकरण करने के लिए न्यायिक अधिकारियों की खण्डपीठों का गठन किया गया है। न्यायालयों में लंबित मामलों में पक्षकारों को राजीनामे के आधार पर प्रकरणों का निपटारा किये जाने हेतु नोटिस भी जारी किए गए हैं। प्रीलिटिगेशन स्तर पर कंपनी द्वारा आंकलित सिविल दायित्व की राशि पर 40 प्रतिशत तक की छूट दी जाएगी। न्यायालयों मे लंबित विद्युत अधिनियम के मामलों मे सिविल दायित्व की राशि पर 25 प्रतिशत तक की छूट दी जाएगी। इसी प्रकार बैंक एवं नगर पालिका के संपत्तिकर एवं जल कर के मामलों में भी लोक अदालत में विशेष छूट दी जाएगी।