20 दिन पूर्व बहला-फुसलाकर ले जाई गई नाबालिग को पुलिस ने किया बरामद
भास्कर संवाददाता | राजाखेड़ा
थाना पुलिस ने 20 दिन पूर्व बहला फुसलाकर ले जाई गई नाबालिका को आरोपी के घर से दस्तयाब कर लिया है। थाना प्रभारी रेवड़ मल मौर्य ने बताया कि एक महिला ने न्यायालय में इस्तगासा पेश किया जिसमे उसने बताया कि मैं जिला सागर मध्य प्रदेश की रहने वाली हूं करीब डेढ़ साल से राजाखेड़ा में मजदूरी का कार्य करती हूं मेरे साथ मेरी 13 साल की पुत्री भी रहती है और राजाखेड़ा में ही निवास करती हूं मैं एक गरीब अनपढ़ महिला हूं कभी मजदूरी का काम किसी ईंट भट्टे पर तो किसी अन्य जगह पर करना पड़ता है। करीब 20 दिन पूर्व की बात है कि मैं राजाखेड़ा पिनाहट रोड पर रामरतन पंडित के ईट भट्टे पर मजदूरी का कार्य कर रही थी राजाखेड़ा वार्ड नंबर 13 का निवासी रामकुमार बेड़िया ईट भट्टे पर आया और मुझे बहलाकर मजदूरी कराने के बहाने अपने घर ले गया उसने अपने घर के पीछे बाड़े में रहने के लिए मुझे जगह दे दी और मुझे बदनीयत से ₹10000 भी खर्च के लिए दे दिए मैं और मेरी पुत्री उस बाड़े में रहने लगे। मुझसे कहा कि मेरे घर पर मजदूरी का कार्य करते रहना इसी दौरान रामकुमार ने मुझसे कई बार अश्लील बातें भी की दिनांक 24 अप्रैल को उसकी प|ी और उसके लड़के ने मुझसे कहा आगरा हम सभी लोग जा रहे हैं अपनी बच्ची को भी हमारे साथ घूमने के लिए भेज दे मेरे मना करने पर भी यह लोग नहीं माने और मेरी बच्ची को अपने साथ ले गए शाम को जब घर वापस आए तो मेरी पुत्री को अपने साथ लेकर नहीं आए जब मैंने पूछा कि मेरी पुत्री कहां है तो इन्होंने कहा कि हम तेरी बच्ची को मुंबई की सैर कराने के लिए भेज दिया है।
मां बोली- बच्ची को वापस लाने को कहा तो की गाली-गलौच, घर से भी निकाला
मुझे ऐसा प्रतीत होता है कि यह लोग मेरी बच्ची को वेश्यावृत्ति के धंधे में धकेलने के लिए ले गए है। जब मैंने बच्ची को वापस लाने के लिए कहा तो इन लोगों ने मुझे गाली गलौज देकर घर से बाहर निकाल दिया ओर कहा कि तेरी लड़की को अब हम वापस नहीं करेंगे तुझे जो करना है वह कर लेना। जब पीड़िता राय खेड़ा थाने पहुंची तो उसकी तहरीर नहीं ली गई इसकी शिकायत जिला पुलिस अधीक्षक कार्यालय लेकर पहुंची तो वहां पर भी पीड़िता की कोई सुनवाई नहीं की अंत में अंत में पीड़िता न्यायालय की शरण में पहुंची और अपनी फरियाद पेश की।