नर्मदा पुराण कथा के दौरान आरती करते श्रद्धालुजन।
नर्मदा पुराण कथा के पांचवे दिन कथा सुनाते हुए पं. पियूष शर्मा ने कहा
भास्कर संवाददाता | राजपुर
नगर के कुशवाह समाज धर्मशाला प्रांगण में चल रही छटे दिनी नर्मदा पुराण कथा के पांचवे दिन मानव मूल्यों की कथा सुनाई। कथा वाचक पंडित पियूष शर्मा ने कथा सुनाते हुए कहा यदि आप सक्षम हैं तो जरूरतमंदों की मदद जरूर करें। यदि हर इंसान एक दूसरे की मदद करेगा तो संसार में कोई मजबूर होकर आत्म हत्या जैसे महापाप नहीं करेगा।
कई लोग मदद नहीं मिल पाने से मजबूरी में आत्म हत्या जैसे महापाप करने का कदम उठा लेते हैं। यदि ऐसे लोगों को हम आप मदद कर दें तो हम किसी एक की जान बचाने में कामयाब हो सकेंगे।
मानव जीवन कई जन्मों के पुण्यकर्मों से बाद हासिल होता है। इसलिए मनुष्य जीवन अनमोल है। मानव जीवन पाया है तो हमें धर्म-कर्म करने चाहिए। इसके लिए पूजा पाठ करना ही एक माह धर्म कार्य नहीं है। बल्कि हम जरूरतमंदों की मदद करके भी पुण्यफल हासिल कर सकते हैं। मां नर्मदा पुराण कथा में के दौरान नगर परिषद अध्यक्ष पप्पू कुशवाहा, मंडी उपाध्यक्ष रमेश नायक, नर्मदा पुराण के मुख्य यजमान ओंकार गोस्वामी, हीराबाई सहित बड़ी संख्या में श्रद्धालुजन मौजूद थे। नर्मदा पुराण मैया को छप्पन भोग लगाया गया। इसके बाद प्रसादी वितरण किया गया।