शिक्षा सचिव ने लंबित केस कोर्ट को जल्द सुलझाने का निर्देश दिया। साथ ही छुट्टी के दिनों में शिक्षकों के लिए एक ट्रेनिंग प्रोग्राम आयोजित करने को कहा। इसमें वैसे शिक्षक हिस्सा लेंगे, जो मूल्यांकन कार्य से बाहर हैं। इन्हें भी मूल्यांकन कार्य में लगे शिक्षकों की तरह छुट्टी की अवधि का क्षतिपूरक अवकाश दिया जाएगा।
गुड न्यूज
एक ही स्कूल में केजी से 12वीं तक होगी पढ़ाई
एजुकेशन रिपोर्टर | रांची
प्रदेश के कस्तूरबा स्कूलों में पढ़ रही छात्राओं को आईआईटी और मेडिकल कॉलेजों में दाखिला के लिए तैयारी कराई जाएगी। इसकी पहल स्कूली शिक्षा एवं साक्षरता विभाग के स्तर पर हुई है। सोमवार को इस मुद्दे पर स्कूली शिक्षा सचिव एपी सिंह ने राज्य के सभी डीईओ और डीएसई के साथ बैठक की। उन्हें छात्राओं को गुणवत्तायुक्त शिक्षा देकर मेडिकल और इंजीनियरिंग कॉलेजों में दाखिला दिलाने लेकर कमेटी गठित की गई। इस कमेटी को जल्द रिपोर्ट देने को कहा गया है। कमेटी को जिम्मेवारी दी गई है कि यहां पढ़ाई कर रही बेटियों को कैसे और बेहतर किया जाए। बैठक में माध्यमिक शिक्षा निदेशक विप्रा भाल समेत अन्य शिक्षाधिकारी उपस्थित थे। केंद्र के निर्देश पर प्रदेश में भी नये और बड़े स्कूल खोले जाने हैं।
यहां एक ही स्कूल में केजी से लेकर इंटर तक की पढ़ाई होगी। इसे इंटीग्रेटेड स्कूल के नाम से जाना जाएगा। इसे स्मूथ बनाने को लेकर एक कमेटी बनायी गई है। इस कमेटी से 10 दिनों के भीतर रिपोर्ट देने को कहा गया है। शिक्षा सचिव ने कहा कि फिलहाल प्रदेश के स्कूलों में प्राथमिक, माध्यमिक स्तर की पढ़ाई होती है। परंतु जब एक ही स्कूल में केजी से इंटर तक की पढ़ाई होगी तो इसकी व्यवस्था कैसे की जाए।
शिक्षा सचिव ने डीएसई-डीईओ के साथ कई एजेंडों पर की चर्चा
मूल्यांकन कार्य से अलग शिक्षकों की ट्रेनिंग होगी