‘जल-कल प्रभारी का धरना प्रायोजित था, विधायक ने दान किया तो बता क्यों रहे हैं’
पानी की समस्या का हल निकालने का प्रयास पहले किया जाना था। इसके बजाय ऐनवक्त पर पानी की समस्या बताकर जल-कल प्रभारी ने धरना दे दिया। यह प्रायोजित था। इसके बाद विधायक ने पानी की व्यवस्था के लिए दान किया तो फिर वे बता क्यों रहे हैं। यह आरोप सांसद प्रतिनिधि राकेश झालानी ने लगाते हुए कहा निगम के जिम्मेदारों को पता होना चाहिए कि गर्मी में पानी की समस्या होगी तो हल तभी से तलाशने थे। इसके बजाय पानी को लेकर स्थित बिगड़ने लगी तो जल-कल प्रभारी प्रेम उपाध्याय ने धरना दे दिया। इसके बाद विधायक चेतन्य काश्यप ने मोटर के लिए दान की घोषणा की और फिर वाहवाही लूटना शुरू कर दी। दान करके बताया नहीं जाता है फिर विधायक दान कर बता क्यों रहे हैं। झालानी ने बताया पंद्रह साल से भाजपा की परिषद है उसके बाद भी शहर में पानी की व्यवस्था नहीं सुधर रही है। धोलावड़ में पानी की पर्याप्त व्यवस्था होने के बावजूद इतने लंबे समय में शहर में पानी बांटने की व्यवस्था भी नहीं सुधार पाए। उपाध्याय ने बताया आरोप झूठे हैं। विधायक मोटर नहीं देते तो जल वितरण की स्थिति बिगड़ जाती।