तारावीह की नमाज अदा की, पहला रोजा आज
शहर में गुरुवार को रमजान का चांद दिखाई दिया। दीदार होते ही समाजजन ने एक-दूसरे को रमजान माह के शुरू होने की मुबारकबाद दी। चीफ काजी सैयद आसिफ अली ने बताया रमजान माह के चांद के दीदार होते ही शाबान माह समाप्त हुआ। शुक्रवार को पहला रोजा रहेगा। ईशा की नमाज के बाद तारावीह की नमाज अदा की गई। नमाज केवल रमजान माह में ही अदा की जाती है। इसमें हाफिज साहब कुरआन के एक पारे की तिलावत करते हैं। यह नमाज बीस रकअत की होती है। इस्लाम के जो पांच फर्ज हैं उनमें रमजान के रोज़े भी हैं जो हर बालिग व्यक्ति केवल बीमार और मुसाफिर को छोड़कर सभी को रखना अनिवार्य है। चीफ काजी ने रमजान माह में शांति और सौहार्द के साथ रोज़े रखने, पाबंदी के साथ नमाज अदा करने व जरूरतमंदों की मदद करने की अपील की।