2 वर्ष पहले तोड़ी थी अंबेडकर की मूर्ति, जयंती पर टूटा हाथ लेकर समर्थकों ने दो घंटे सड़क की जाम
रोहतक. अंबेडकर पार्क के बाहर जाम लगाने के दौरान तहसीलदार गुलाब सिंह को मूर्ति का टूटा हाथ दिखातीं आलड़िया।
झज्जर रोड 2 घंटे रहा बाधित, रूट डायवर्ट
झज्जर रोड पर जाम लगने के कारण पूरा ट्रैफिक बाधित हो गया। मायना से आने वाले वाहनों को मायना बाईपास से ही डायवर्ट कर दिया गया और दिल्ली बाईपास के रास्ते निकाला गया। वहीं, झज्जर चुंगी से आने वाले वाहनों को सुनारिया बाईपास से निकाला गया।
अब...
कांता ने अधिकारियों को भी सुनवाई खरी-खरी
जाम खुलवाने आए अधिकारियों को कांता ने कहा कि मैं आज तो मान जाऊंगी, लेकिन आश्वासन के बाद आपका तबादला हो गया तो फिर कौन सुनवाई करेगा। पहले ही मामला दो साल से लंबित चलता आ रहा है।
एक माह पहले पार्क को उजाड़ा, लगाई आग
कांता ने बताया कि एक महीना पहले कुछ लोगों ने पार्क में आग लगा दी थी। इसके अलावा पूरे पार्क को ही उजाड़ दिया गया है। यहां पर बने हुए टॉयलेट से लेकर डस्टबिन, झूलों व घास में भी आग लगा दी गई थी। कुछ लोग साजिश के तहत लगातार पार्क को तबाह करने में लगे हैं, लेकिन इसके लिए कोई सुरक्षा की जिम्मेदारी लेने को तैयार नहीं है।
लगाने के 5 दिन बाद ही तोड़ दी गई थी मूर्ति
प्रदेशाध्यक्ष कांता आलड़िया ने कहा कि बनारस से करीब 6 लाख रुपए में यह पीतल की मूर्ति बनवाई गई थी। इसका विमोचन 14 फरवरी 2016 को राज्यसभा सदस्य सुभाष चंद्रा ने अंबेडकर पार्क में किया था। इसके 5 दिन बाद ही मूर्ति तोड़ दी गई थी।
हाथ कांता आलड़िया के पास, मूर्ति निगम में रखी
दो वर्ष पहले तोड़ी गई मूर्ति का हाथ कांता आलड़िया के पास है, जबकि टूटी हुई मूर्ति निगम में है। कांता का कहना है कि तत्कालीन डीसी अतुल कुमार ने तब अप्रैल, 2016 में फाइबर की मूर्ति उसकी जगह पर लगवा दी थी, जो उचित तरीके से नहीं बनी है और न ही बाबा साहेब की असल मूर्ति से मेल खाती है। यह बाबा साहेब का अपमान है।
राइडर करेंगे सुरक्षा
अंबेडकर पार्क में मूर्ति तोड़ने वाले दोषियों को पकड़ने के लिए 15 दिन का समय दिया गया है। अब रात के समय सुरक्षा के लिए यहां पर पुलिस के जवान राइडर पर तैनात रहेंगे। वहीं, पीतल की मूर्ति देने के लिए डीसी से बातचीत की जाएगी। - पृथी सिंह, डीएसपी।