पिछले कई दिनों से गांव की बिजली सप्लाई बाधित होने से परेशान नजदीकी गांव बीहलेवाला के किसानों ने शनिवार को सादिक बिजली घर के सामने रोष प्रदर्शन किया। इसी दौरान बिजली विभाग के एक सुरक्षा कर्मी द्वारा प्रदर्शनकारी किसानों के साथ दुर्व्यवहार करने के चलते एक बार स्थिति तनावपूर्ण हो गई। गांव बीहलेवाला के सरपंच परमिंदर सिंह ढिललों ,लखविंदर सिंह,लक्खा पंच,अमृतपाल सिंह, गेज सिंह, सुखदेव सिंह, निर्मल सिंह व गोल्डी ने बताया कि उनके गांव के किसानों को पिछले कई दिनों से कृषि फीडर से होने वाली बिजली सप्लाई नहीं मिल पा रही है। बिजली ना आने के चलते मोटरें बंद पड़ी हुई हैं व धान की पनीरी की बिजाई के लिए खेत तैयार नहीं हो पा रहे हैं। इन गांववासियों ने बिजली विभाग के जेई पर आरोप लगाया कि वह बिजली छोड़ने के लिए पैसे की डिंमाड करता है उनकी मांग पूरी ना करने की रंजिश में हमारे गांव की सप्लाई बंद रखी जा रही है। उन्होंने बताया कि इसी रंजिश के चलते उउक्त जेई किंगरा व अन्य फीडरों की सप्लाई तो दिन में चालू कर देता है कि जबकि गांव बीहले वाला की सप्लाई वह दिन में बंद रखता है।गांववासियों ने बताया कि बिजली की सप्लाई सही ना होने के चलते गांववासी एकत्रित होकर अधिकारियों को अपनी समस्या से अवगत करवाने के लिए आए थे। लेकिन बिजली घर के अंदर जाने पर वहा तैनात सुरक्षा कर्मी ने इन किसानों के साथ दुर्व्यवहार किया व उनको रोककर बाहर जाने के लिए कहने लगा। जिसके चलते मामला काफी बिगड़ गया व किसानों ने बिजली घर के समक्ष जम कर हंगामा किया। मामले की सूचना मिलते ही प्रदर्शनस्थल पर पहुंचे थाना सादिक के एएसआई तेजा सिंह व एएसआई बलदेव सिंह ने किसानों को समझा-बुझा कर शांत किया। कार्यालय में उपस्थित बिजली विभाग के जेई नरेंद्रपाल सिंह व एसएसए जसविंदर सिंह ने लोगों की बात की। उन्होंने बताया कि उनके क्षेत्र का जेई व विभाग के एसडीओ इस समय बाहर गए हुए है,और उनके आने पर गांववासियों की समस्या का समाधान करवा दिया जाएगा।
गांववासियों के निशाने पर आए जेई बलविंदर सिंह से संपर्क किए जाने पर उन्होंने कहा कि रिश्वत मांगने के आरोप झूठे व बेबुनियाद है। मेरे पास 9 गांवों के 44 फीडर है और किसी को भी कोई शिकायत नही है।
सादिक स्थित पावरकाॅम के कार्यालय के सामने रोष प्रदर्शन करते गांव बीहलेवाला के निवासी।