पंचायत मंत्री गोपाल भार्गव और गृह मंत्री भूपेंद्र सिंह के क्षेत्रों में फोटोयुक्त मतदाता सूची के पुनरीक्षण के काम को गंभीरता से न लिए जाने को लेकर कलेक्टर आलोक सिंह ने मालथौन और गढ़ाकोटा के जनपद सीईओ और सीएमओ को कारण बताओ नोटिस जारी किए हैं। 7 दिन में जवाब नहीं देने पर एक पक्षीय कार्रवाई करने की चेतावनी दी गई है।
कलेक्टर ने प्रभारी तहसीलदार मालथौन अभिनव शर्मा, मुख्य कार्यपालन अधिकारी जनपद पंचायत मालथौन देवेन्द्र जैन, मुख्य नगर पालिका अधिकारी गढ़ाकोटा पीएस राजपूत और प्रभारी तहसील गढ़ाकोटा सच्चिदानंद त्रिपाठी को कारण बताओ नोटिस जारी किए गए हैं। बताया जा रहा है कि इन अधिकारियों को मतदाता सूची के पुनरीक्षण के काम को लेकर पत्रों, मोबाइल के माध्यम से बार-बार याद कराए जाने के बाद भी पुनरीक्षण काम में गंभीरता नहीं ली गई। जिसके कारण शिफ्टिंग सूची, विलोपन वेरिफिकेशन सूची और संशोधन वेरिफिकेशन सूची में प्रविष्टि के लिए 7 मई तक वेंडर को उपलब्ध कराई जाना थी, जो अभी तक नहीं पहुंच पाई है।
इस पर सचिव राज्य निर्वाचन आयोग भोपाल ने भी नाराजगी जाहिर की है। जिससे जिले की छवि प्रभावित हुई है। कलेक्टर ने नोटिस जारी कर 7 दिनों में सभी चारों अधिकारियों से जवाब मांगा हैं। जवाब नहीं आने पर एक पक्षीय कार्रवाई करने की चेतावनी दी है।