बुंदेलखंड विकास प्राधिकरण की बैठक शुक्रवार को कमिश्नर कार्यालय में आयोजित हुई। बैठक में इस तिमाही बजट को लेकर चर्चा की गई। बजट के कम होने से एक सदस्य इतने नाराज हो गए कि बीच बैठक में उठकर ही चले गए। उधर, कुछ सदस्यों ने बीडीए के नए भवन को लेकर भी चर्चा की। लेकिन अभी जमीन नहीं होने के कारण इस मसले में कोई निर्णय नहीं हो पाया है।
डा. रामकृष्ण कुसमरिया की अध्यक्षता में हुई प्राधिकरण की बैठक में शासन से मिले 1.35 करोड़ रुपए को लेकर चर्चा हो रही थी। दरअसल, इस बजट पर अध्यक्ष कुसमरिया ही निर्णय लेते है कि किस जिले में काम के आधार पर बजट बांटा जाए। इसी बीच बोर्ड सदस्य संजय नकी़ब ने बैठक में कहा कि उनके क्षेत्र में 10 लाख रुपए के विकास कार्य स्वीकृत होना चाहिए। लेकिन बोर्ड का कहना था कि इस बजट से सभी जिलों को बराबर के काम आवंटित किए जाएं। इससे नाराज हुए नकी़ब बीच बैठक छोड़कर ही चले गए। उधर, बैठक जारी रही।
बैठक में अध्यक्ष डा. कुसमरिया ने प्राधिकरण की सीईओ को निर्देशित किया कि वे सभी सदस्यों की सहमति से बीडीए की ओर से बड़े कामों के योजना प्रस्ताव तैयार करें। इसके लिए विशेषज्ञों की सेवाएं ली जाए। अगली तिमाही में मिलने वाली राशि से बीडीए के लिए विशेषज्ञ कंसल्टेंट की नियुक्ति की जाए। उन्होंने बीडीए द्वारा मंजूर निर्माण कार्यों का उपयोगिता प्रमाण-पत्र और सभी कामों को भौतिक सत्यापन कराने की बात भी कही। कमिश्नर मनोहर दुबे ने कहा कि बीडीए पूरे अंचल के विकास के लिए थिंक टैंक के रूप में काम करे। बड़ी व पंचवर्षीय योजनाएं बनाई जाएं। यहां रोजगार सृजन, कौशल उन्नयन, जल संरक्षण और उन्नत खेती पर विशेष रूप से काम करने की जरूरत है। बुन्देलखंड पैकेज के तहत भी इस दिशा में काम किए जा सकते हैं। प्राधिकरण सदस्यों ने बीडीए के निजी भवन की मांग की। जिस पर कमिश्नर दुबे ने कहा कि जल्द ही नया कलेक्ट्रेट भवन तैयार हो जाएगा। इससे पुराना कलेक्ट्रेट भवन खाली होगा। तब पुराने कलेक्ट्रेट भवन में या पुराने बीडीए कार्यालय भवन में ही बीडीए का स्थापित करते हुए भवन उपलब्ध करा दिया जाएगा।
यह रखा गया सुझाव
बैठक में प्रस्तावों का अनुमोदन किया गया। सदस्यों ने सुझाव दिया कि बीडीए अध्यक्ष, उपाध्यक्ष व अन्य सभी सदस्य मुख्यमंत्री से मिलकर प्राधिकरण के ग्रांट बढ़ाने की मांग करें। बैठक में पुराने बजट के बारे में बताया गया कि 1 अप्रैल 17 से 31 मार्च 18 तक बीडीए के लगभग 90% निर्माण कार्य पूरे हो चुके हैं। बैठक में उपाध्यक्ष डालचंद कुशवाहा, महेन्द्र सिंह, सदस्य विधायक शैलेन्द्र जैन, करण सिंह यादव, सुशील तिवारी, बीडीए सीईओ रीता सिंह सहित अन्य सदस्यगण अधिकारी उपस्थित थे।