डी-मर्जर को लेकर बुंदेलखंड मेडिकल कॉलेज ने भी शुक्रवार से गायनी और पीडिया विभागों की शिफ्टिंग की तैयारी शुरू कर दी। ये दोनों विभाग वहीं शुरू किए जाएंगे जहां मर्जर के पहले थे।
यानी नेत्र विभाग के ऑपरेशन थिएटर की जगह अब गायनी विभाग की ओटी होगी और ग्राउंड फ्लोर पर दो वार्ड होंगे। इसके अलावा डी-मर्जर के साथ बीएमसी प्रबंधन नेफ्रोलॉजी, कार्डियोलॉजी और न्यूरो सर्जरी जैसी सुपर स्पेशलिटीज सुविधाएं भी लोगों को देने की तैयारी कर रहा है।
सुपर स्पेशलिटीज सुविधाओं को लेकर डीन डॉ. जीएस पटेल ने प्रस्ताव तैयार शासन को भेजा है। वहीं प्रस्ताव को मंजूरी मिलने तक स्थानीय सुपर स्पेशलिस्ट डॉक्टर्स की मदद से बीएमसी में मरीजों को यह सुविधाएं दी जाएंगी।
सुपर स्पेशलिटीज सुविधाएं भी देने की तैयारी, प्रस्ताव बनाया, ईसी की बैठक में रखा जाएगा
प्राइवेट अस्पताल के डॉक्टर्स से करेंगे अनुबंध
बीएमसी डीन डॉ. जीएस पटेल ने बताया कि बीएमसी में मरीजों को सुपर स्पेशलिटीज सुविधाएं देने के लिए प्रस्ताव तैयार किया गया, जिसे शासन की अनुमति मिलना बाकी है। जिसमें समय भी लग सकता है। इसलिए हमने फिलहाल शहर के प्राइवेट अस्पतालों में काम कर रहे सुपर स्पेशलिटीज डॉक्टर्स से मिलकर उनसे अनुबंध करने की योजना तैयारी की है। इसमें हम मरीजों के हिसाब से डॉक्टर्स को मानदेय देंगे। वहीं सुपर स्पेशलिटीज के हिसाब से ही ऑपरेशन थिएटर तैयार किए जाएंगे। ताकि शहर के लोगों को बीएमसी में नेफ्रोलॉजी, न्यूरो सर्जरी और कार्डियोलॉजी आदि का इलाज मुहैया करा सकें। यह प्रस्ताव कार्यपरिषद की बैठक में रखा जाएगा। सहमति बनते ही लागू कर देंगे।