सागवाड़ा| भारतीय किसान संघ की बैठक शुक्रवार को पाटीदार छात्रावास में हुई। जिला महामंत्री गौरीशंकर सिलोही ने कहा कि राज्य सरकार किसानों को फसल के उत्पादन का लाभकारी मूल्य नहीं दे रही है। पडोसी राज्य मध्यप्रदेश व गुजरात की सरकारें प्रति क्विंटल दो हजार रुपए में गेहूं खरीद रही है, जबकि यहां 1735 रुपए प्रति क्विंटल के हिसाब से गेहूं खरीद कर किसानों के साथ अन्याय हो रहा है। बैठक में विशिष्ट अतिथि मोगजी भासौर, रतनजी नयागांव, तहसील अध्यक्ष नाथसी थे।
अध्यक्ष देवेंगभाई जेठाणा ने बताया कि जिले में सरकार द्वारा गेहूं खरीद की व्यवस्था शुरू करने में देरी की वजह से स्थानीय व्यापारियों ने किसानों का गेहूं 1500-1550 रुपए प्रति क्विंटल के हिसाब से खरीद लिया। इससे किसानों का काफी नुकसान हुआ। वहीं गेहूं खरीद के बाद 45 दिन गुजरने के बाद भी किसानों के खाते में राशि जमा नहीं हुई है, इस पर किसानों ने आक्रोश जताया। किसानों को बैंकों में केसीसी लोन पर पेनल्टी लग रही है। किसानों को कुएं गहरे कराने की स्वीकृतियां प्राप्त होने के बाद भी कार्य अब तक शुरू नहीं हुआ है। बैठक में 22 मई को 11 बजे किसानों की समस्याओं का ज्ञापन जिला कलेक्टर को सौंपने का निर्णय लिया।