सांपला | प्रदेश सरकार और कॉमनवेल्थ में पदक विजेता खिलाडिय़ों के बीच कन्ट्रोवर्सी फिलहाल रुकती दिखाई नहीं दे रही। एशिया गेम्स की तैयारी कर रहे खिलाड़ियों का ध्यान तैयारियों से हट राज्य सरकार द्वारा लिए गए निर्णय पर ज्यादा है। सरकार द्वारा लिए गए निर्णय से आहत खिलाड़ी व उनके परिजन अपने सम्मान के लिये भूख हड़ताल पर बैठने की बात कर रहे है। कॉमनवेल्थ गेम्स 2018 में प्रदेश के 38 खिलाड़ियों में से 22 ने मेडल जीते। कॉमनवेल्थ के गोल्ड मेडल प्राप्त सुमित मलिक के पिता किताब सिंह का कहना है। पहलवान बजरंग का कहना है कि वह प्रदेश सरकार से कोई भीख नहीं मांग रहे है। पूर्व में जब दूसरे राज्य के खिलाडिय़ों को हरियाणा में बुलाकर सम्मानित किया जा सकता हैै।