सांवलियाजी | सांवलियाजी मंदिर विस्तार योजना के तहत कस्बे की कृषि भूमि को आबादी में रूपांतरण करवाने पर लगी 22 साल पुरानी रोक हटाने की दिशा में कार्रवाई शुरू कर दी गई है।
इस संबंध में मंदिर मंडल की गत 28 मार्च को सम्पन्न हुई बैठक में प्रस्ताव लिया गया कि सांवलियाजी मंदिर विस्तार एवं उद्यान निर्माण योजना के दृष्टिगत कस्बे में 1996 से भूमि रूपांतरण पर रोक लगी हुई है लेकिन अब मंदिर विस्तार के लिये वर्तमान आवश्यकताओं को देखते हुए पर्याप्त भूमि अवाप्त कर ली गई है। मंदिर मंडल पदाधिकारियों ने बैठक में मंदिर के आउटर कॉरीडोर से 500 मीटर की परिधि के बाहर की भूमि को इस रोक से मुक्त करने का निर्णय लेकर कार्रवाई के लिए मुख्य कार्यपालक अधिकारी को अधिकृत किया। प्रस्ताव तो मार्च में ही ले लिया गया, लेकिन अप्रैल माह में मुख्यमंत्री के सांवलियाजी आगमन के समय की गई घोषणा के बाद इसकी आगे की कार्रवाई में तेजी आई है और मुख्य कार्यपालक अधिकारी ने प्रस्ताव जिला कलक्टर को भेज दिया है।