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अाश्रय स्थल में पुरुष गार्ड ने की अभद्रता, रात को द्वार खोलने के लिए बनाया दबाव

3 वर्ष पहले
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नगर परिषद द्वारा लोगों को आश्रय देने की मंशा से बनाया गया आश्रम स्थल महिलाओं के लिए सुरक्षित नही है। आश्रय स्थल की सुरक्षा में लगे गार्ड दोस्तों के साथ मिलकर शराब पार्टी करते हैं। आश्रय स्थल में रहने वाली महिलाओं ने सुरक्षा गार्ड पर शराब पीकर दरवाजा खोलने के लिए दबाव बनाने तथा दरवाजा नहीं खोलने पर गाली गलोच करने का आरोप लगाया है। आश्रय स्थल की व्यवस्थाएं ठप है। व्यवस्थाएं सुधारने में नगर परिषद का कोई ध्यान नहीं हैं। उधर ठेकेदार ने शिकायत मिलने पर आरोपी गार्ड को हटा दिया हैं।

महिलाओं से अभद्रता

आश्रय स्थल में दो पार्ट हैं। एक महिलाओं के लिए तो दूसरा पुरुषों के रहने के लिए हैं। आश्रय स्थल में सिर्फ पुरुष गार्ड लगा है, जो महिलाओं के आश्रय स्थल में बने गार्ड रूम में सोता है। महिला आश्रय स्थल में वर्तमान में महिला मीठी देवी, माया देवी, इन्द्रा देवी, पूजा मीना, जरीना बानो ठहरी हुई है। उक्त महिलाएं राजस्थान आजीविका मिशन शहरी के तहत नगर परिषद में एमएलएम में कार्य कर महिला समूह बनाने का कार्य कर रही है। आश्रय स्थल में रहने वाली महिलाओं ने आश्रय स्थल के गार्ड पर गंभीर आरोप लगाए हैं। (शेष पेज 15)

खिड़की पर लगाया गया पर्दा

क्या करती हैं महिलाएं

आश्रय स्थल में आठ दस महिलाएं रह रही हैं। महिलाओं ने आरोप लगाया कि आश्रय स्थल में महिलाओं के लिए अलग से महिला गार्ड नहीं है। वे राजस्थान आजीविका मिशन शहरी के तहत नगर परिषद में एमएलएम में कार्य कर महिला समूह बनाने का कार्य कर रही है।

ये लगाए आरोप

सोती हुई महिलाओं को देखता है गार्ड

खुले में शौच जाने को मजबूर महिलाएं

नगर परिषद द्वारा भले ही लोगों को रहने के लिए आश्रय स्थल का निर्माण करवा दिया हो लेकिन आश्रय स्थल में सुविधाओं के नाम पर कुछ भी नहीं है। आश्रय स्थल के लिए लगी पानी की टंकियां सूखी पड़ी है। ऐसा लगता है कि टंकियों को भरे हुए महिनों हो गए हैं। पीने के पानी के लिए भी महिलाओं को परिषद क्षेत्र में बने वाटर कूलर पर आना पड़ता है। ऐसे में रात के समय घटना दुर्घटना होने से इंकार नहीं किया जा सकता है। आश्रय स्थल में पानी की व्यवस्था नहीं होने से शौचालय व बाथरूम गंदगी से अटे हैं। वहीं पानी के अभाव में महिलाओं को खुले में शौच जाना पड़ रहा है। इससे नगर परिषद के स्वच्छ भारत अभियान की पोल खुल गई हैं।

आश्रय स्थल की व्यवस्थाएं पूरी तरह ठप

सवाईमाधोपुर. आश्रय स्थल में गार्ड की करतूत बयां करती महिलाएं।

अाश्रय स्थल में रहने वाली महिलाओं ने बताया कि रात्रि को आश्रय स्थल का गार्ड दोस्तों के साथ मिलकर शराब पार्टी करता है। शनिवार रात करीब 11.45 बजे शराब के नशे में धुत गार्ड ने महिला आश्रय स्थल का दरवाजा खुलवाने का प्रयास किया।

कार्रवाई करते हुए गार्ड को हटाया

आश्रय स्थल की सुरक्षा के गार्ड का ठेका मेरे पास है। आश्रय स्थल में रहने वाली महिलाओं द्वारा शिकायत करने पर त्वरित कार्रवाई करते हुए गार्ड को हटा दिया गया है। अगर लिखित शिकायत मिली तो उक्त गार्ड के खिलाफ एफआईआर भी दर्ज करवाएगें। आश्रय स्थल में महिला गार्ड लगाने के कोई आदेश नहीं हैं। - मानसिंह मीना, संवेदक

मामले की जांच की जाएगी

आश्रय स्थल में रहने वाली महिलाओं के साथ गार्ड द्वारा अभद्रता करने के मामले की जांच की जाएगी। जल्द ही सभी व्यवस्थाएं उपलब्ध करवाई जाएगी। - रविन्द्र यादव, आयुक्त नगर परिषद सवाईमाधोपुर

आश्रय स्थल की व्यवस्थाएं सुधारेंगे

अभी में बाहर हूं। आश्रय स्थल की व्यवस्थाओं की जानकारी कर सुधार किया जाएगा।-महिलाओं के साथ अभद्रता की जानकारी नहीं हैं। जांच कराएंगे। - डॉ. विमला शर्मा, सभापति नगर परिषद सवाईमाधोपुर

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