ऑल इंडिया मजदूर दल (एआईएमडी) के प्रधान गुरदीप सिंह ढींगरी ने कहा कि किसी मजदूर के साथ धक्केशाही नहीं होने दी जाएगी। किसी भी कीमत पर मजदूरों का शोषण बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। एक मजदूर हमेशा दूसरों के लिए ही जीता है, परंतु इतनी कुर्बानी के बावजूद मजदूरों का आदर नहीं किया जाता। उन्होंने बताया कि वन विभाग में डेली बेस कर्मचारियों को करीब 1 वर्ष से वेतन नहीं मिला है। जिस कारण हजारों मजदूर आर्थिक परेशानी से गुजर रहे है, जिसके जिम्मेवार संबंधित अधिकारी है, परंतु अब और बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
मजदूर कर्मचारियों का एक एक पैसा दिलाने के लिए राज्य स्तरीय संघर्ष किया जाएगा। उन्होंने चेतावनी दी यदि 28 मई तक मजदूरों को उनका वेतन न मिला तो संगठन की ओर से तीखा संघर्ष किया जाएगा। इस मौके पर बलवीर सिंह कुठाला, लाभ सिंह और जसपाल सिंह आदि उपस्थित थे। (शर्मा)
विरोध
ऑल इंडिया मजदूर दल ने वन विभाग के खिलाफ जताया विरोध
शेरपुर में एआईएमडी के सदस्य जानकारी देते हुए।
रिजर्व कोटे की जमीन कम दाम पर देने की मांग को लेकर उपायुक्त से मिला वफद
संगरूर |जमीन प्राप्ति संघर्ष कमेटी के नेतृत्व में प्रतिनिधिमंडल पंचायती जमीन कम दाम पर व 99 वर्षीय पट्टे पर लेने की मांग को लेकर जिला उपायुक्त घनश्याम थोरी से मिला। इस मौके पर जमीन प्राप्ति संघर्ष कमेटी के नेता सुर्जन सिंह व परमजीत कौर ने बताया कि प्रशासन के नकारात्मक रवैये के कारण दलितों की जमीन के विवाद बढ़ने की आशंका बन गई है। सरकार ने पिछला नोटिफिकेशन रद्द करते हुए पंचायती जमीन की बोली 7.5 प्रतिशत बढ़ाने का ऐलान किया है। पिछले वर्ष भी संघर्ष के कारण बोली के रेट कम किए थे। उन्होंने कहा कि गौशाला व फैक्टरियों को पट्टे पर जमीन मिल रही है। दलितों को 99 वर्षीय पट्टे पर जमीन न देना सरकार के दलित विरोधी चेहरे को दर्शाता है। उन्होंने कहा कि प्रशासन की ओर से पिछले वर्ष की तरह इस बार 22 मई को गांव जलूर व बालद कलां में बोली करवाने की कोशिश की जा रही है। प्रशासन साजिश के तहत दलितों को मिली जमीनों का हक छीनना चाहता है, जिसे सफल नहीं होने दिया जाएगा।