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शिमला के 126 स्कूलों को रिनुअल न कराने पर जुर्माना ३० मई तक कराएं िरनुअल, नहीं तो कर दिए जाएंगे बंद
राजधानी शिमला के निजी स्कूलों को उपनिदेशक कार्यालय से हर साल रिनुअल करवाना पड़ता है। लेकिन शिमला जिले के 126 निजी स्कूल ऐसे हैं जिन्होंने अभी तक रिनुअल नहीं किया है। इसमें शिमला शहर के कई प्रतिष्ठित स्कूल भी शामिल हैं। इस साल 2018-19 का सेशन शुरू हुए तीन महीने बीत हो चुके हैं। लेकिन अभी तक यह निजी स्कूल अपना रिनुअल नहीं करवा पाए है।
अब विभाग की ओर से इन स्कूलों को कारण बताओ नोटिस जारी किए गए हैं। जिसमें स्कूलों को रिनुअल को लेकर विलंब का कारण पूछा गया है। इसके साथ विभाग की ओर से ऐसे स्कूलों को अपना आवेदन प्रपत्र 30 मई तक कार्यालय में आकर दिखाना होगा। इसके साथ ही विभाग मान्यता कोड के रिनुअल को देरी से करवाने पर निर्धारित शुल्क के साथ पेनल्टी 1000 रुपए चालान जमा करना होगा। विभाग का कहना है कि अगर कोई भी स्कूल आवेदन नहीं करता है ना ही पेनल्टी भरता है, तो ऐसे स्कूलों को मनमानी करने पर बंद करने के आदेश दिए जाएंगे। जिसका स्कूल प्रबंधन स्वयं जिम्मेवार होंगे।
सेशन शुरू हुए तीन माह से ऊपर का समय बीत चुका है
शिक्षा विभाग ने जारी किए कारण बताओ नोटिस, पेनल्टी के साथ चालान भरना होगा
स्कूल सेशन शुरू होने से 15 दिन पहले करवाना पड़ता है रिनुअल विभाग के उपनिदेशक प्रारंभिक शिक्षा कार्यालय में जिला शिमला के निजी स्कूलों को सेशन शुरु होने से 15 दिन पहले आवेदन करना पड़ता है। लेकिन शहर के निजी स्कूलों की मनमानी के चलते ऐसा नहीं किया गया है। जिला शिमला में इस समय लगभग टोटल 292 स्कूल चल रहे है।
कड़ी कार्रवाई करेंगे निजी स्कूलों को हर साल उपनिदेशक प्रारंभिक शिक्षा कार्यालय में रिनुअल करवाना आवश्यक है। लेकिन कई स्कूल मनमानी कर रहे है। जिला शिमला के 126 स्कूलों को रिनुअल ना करवाने पर कारण बताओ नोटिस जारी कर दिए गए है। इसके साथ स्कूलों को निर्देश दिए गए है कि अपनी पाठशाला से संबधित रिनुअल मामला जो कि निर्धारित शुल्क तथा पैनल्टी फीस 1000 रुपये चालान द्वारा आवेदन प्रपत्र 30 मई तक दिखाना होगा। ऐसा न करने पर अगली कार्यवाही अमल में लाई जाएगी। राकेश कुमार वशिष्ठ,उपनिदेशक प्रारंभ शिक्षा विभाग