हिमाचल यूनिवर्सिटी में शिक्षकों ने पार्किंग की अलग से सुविधा मांगी है। विश्वविद्यालय शिक्षक संघ ने मांग की है कि विवि परिसर में एक बहुमंजिला पार्किंग का निर्माण किया जाए। इसमें अध्यापकों के लिए पार्किंग की अलग व्यवस्था होनी चाहिए,ताकि शिक्षकों को सड़कों के किनारे गाड़ियां पार्क न करनी पड़े। संघ के अध्यक्ष प्रो. आरएल जिंटा ने वीसी से मांग की कि जो शिक्षक विवि से बाहर परीक्षाएं आयोजित करवाने जाते हैं,उन्हें टैक्सी का वास्तविक किराया प्रदान किया जाए। उन्होंने शिक्षकों को सीएएस के तहत पदोन्नत करने, शिक्षकों के खाली पदों को भरने की भी मांग की है। उन्होंने यूजीसी के मानदंडों के तहत शिक्षकों की सेवानिवृत होने की आयु 65 वर्ष करने की भी मांग की है। शिक्षक संघ ने जीपीएफ को राष्ट्रीयकृत बैंकों में जमा करवाने, पेंशनरों को समस्याओं को हल करने और विवि का बजट 150 करोड़ करने की मांग सरकार से की है। शिक्षकों का कहना है कि बजट की कमी के कारण विवि में शैक्षणिक व्यवस्था पर असर पड़ रहा है। शिक्षक संघ ने मांग की कि जिन शिक्षकों को अभी तक आवास की सुविधा नहीं मिली है, उन्हें जल्द आवास आवंटित किए जाएं।
विवि परिसर में आवास आवंटित न होने से कई शिक्षकों को बाहर दूर-दूर किराये के कमरों में रहना पड़ता है, ऐसे में सुबह विवि समय पर पहुंचना मुश्किल होता है। शिक्षक संघ ने अध्यापकों को पीएचडी की इंक्रीमेंट जल्द देने, विभागाध्यक्षों तथा निदेशकों को एक समान वेतन भत्ते देने, विवि में कार्य दिवस पांच दिन करने और शिक्षक कालोनी तथा हॉस्टलों की तरफ जाने वाली सड़कों को पक्का करने की भी मांग की है। इसके साथ ही मांग की कि स्ट्रीट लाइटों की मरम्मत भी की जाए, जिससे कि रात को अंधेरे में नहीं चलना पड़े।