पाएं अपने शहर की ताज़ा ख़बरें और फ्री ई-पेपर

डाउनलोड करें
  • Hindi News
  • National
  • पहले सांसद झा और अब केंद्रीय मंत्री के लिए हुआ धारा 144 का उल्लंघन

पहले सांसद झा और अब केंद्रीय मंत्री के लिए हुआ धारा 144 का उल्लंघन

3 वर्ष पहले
  • कॉपी लिंक
पहले राज्यसभा सांसद प्रभात झा और अब केंद्रीय मंत्री नरेंद्र सिंह तोमर के लिए प्रशासन ने आचार संहिता का उल्लंघन कर दिया। शहर में धारा 144 लगे होने के बावजूद जहां शादी,कार्यशाला और अन्य कार्यक्रमों के लिए अनुमति के लिए थाने में पहले सूचना देने की बाध्यता है,वहीं हजारों लोगों की मौजूदगी में गांधी पार्क मैदान में केंद्रीय मंत्री नरेंद्र सिंह तोमर शनिवार को सामाजिक न्याय दिवस मनाकर चले गए क्योंकि कार्यक्रम सरकारी था। जबकि शहर में अन्य जगह लोगों को धारा 144 के चलते डॉ अंबेडकर को मालाएं पहनाने पुलिस के साये में 2 से 3 के समूह में ही जाना पड़ा ।

शनिवार को केंद्रीय मंत्री नरेंद्र सिंह तोमर के मुख्य आतिथ्य में सामाजिक न्याय विभाग ने सामाजिक न्याय दिवस कार्यक्रम का आयोजन 14 अप्रैल डॉ भीमराव आंंबेडकर की जयंती के अवसर पर गांधी पार्क मैदान में किया। इस कार्यक्रम के दौरान जहां महिला बाल विकास,आंगनबाड़ी और आजीविका मिशन के महिला समूह के बीच केंद्रीय मंत्री श्री तोमर ने डॉ अंबेडकर के जीवन दर्शन पर प्रकाश डाला और मंच से कहा भी कि इस तरह के आयोजन आज सारे देश में हो रहे है और वह इस आयोजन में शिरकत करने शिवपुरी आए है। कार्यक्रम की विस्तार से जानकारी जिला पंचायत सीईओ राजेश जैन ने दी। जबकि आयोजन के दौरान हितग्राहियों को राहत राशि के चेक और सामग्री का वितरण भी किया गया। इस दौरान कलेक्टर और एस पी के साथ भाजपा के कई नेता मंच पर मौजूद थे।

कार्यक्रम में केंद्रीय मंत्री नरेंद्र सिंह ताेमर ग्रामीण को चूजे देते हुए।

देश में सामाजिक समता के साथ ममता का वातावरण निर्मित हो: नरेंद्र सिंह तोमर

जब तक हिंदोस्तां रहेगा,तब तक एक ग्रंथ के रुप में भारत का संविधान रहेगा। जो छोटी सोच रखते हैं वह कभी भी बड़े नहीं हो पाते है। बाबा साहब बडी सोच रखते थे और हम सबके लिए वह आदर का नाम है। इस देश के निर्माण में बडी भूमिका डॉ भीमराव अंबेडकर की रही है। वे चाहते थे कि इस देश से भेदभाव खत्म हो,पक्षपात खत्म हो,भ्रष्टाचार खत्म हो छुआछूत खत्म हो और देश का हर गांव ओर ग्रामीण सुख से जीवन यापन करे। क्योंकि सामाजिक समता का एक मजबूत ढांचा डॉ अंबेडकर ने खड़ा किया है।उन्होंने कहा कि देश में सामाजिक समता के साथ ममता का भी वातावरण अब निर्मित होना चाहिए। उन्होंने यह भी कहा कि अब तक देश में 14 अप्रेल को डॉ अंबेडकर को याद किया जाता था पर अब 26 नवंबर के दिन को संविधान दिवस के रुप में मनाने की परंपरा शुरु हुई है जिसमें संसद के दोनों सत्रों में डॉ अंबेडकर के व्यक्तित्व एवं कृतित्व पर विस्तार से चर्चा सदस्यों के बीच होती है। यदि हम उनके आदर्शों को अपने जीवन में स्थान देना चाहते है तो जीवन के प्रकाश में अपने को गढ़े और सद्भाव का वातावरण के साथ आगे बढ़े।

14 अप्रैल से 5 मई तक इन कार्यक्रमों का होगा आयोजन

पंचायत एवं ग्रामीण मंत्री नरेंद्र सिंह तोमर ने भारत सरकार द्वारा निर्धारित कार्यक्रमों की रूपरेखा बताते हुए कहा कि 14 अप्रेल से लेकर 5 मई तक कई कार्यक्रमों को तय किया गया है।

18अप्रेल को देश भर के 2 लाख 48 हजार गांवों में स्वच्छता पर्व मनाया जाएगा। जिसमें ग्राम पंचायतों को खुले में शौच से मुक्त किया जाएगा।

20अप्रेल को उज्जवला योजना के तहत ग्राम पंचायतों में 15 हजार गैस कनेक्शन वितरित किए जाएंगे। और उपभोक्ताओं को नए कनेक्शन दिए जाएंगे।

24 अप्रेल को पंचायती राज दिवस का कार्यक्रम मप्र के मंडला में होगा जिसमें देश भर के सरपंचों से सीधी बात होगी और गांव के कार्यक्रमों पर चर्चा होगी।

24 अप्रेल को ही ग्राम सभाओं का आयोजन भी वृहद स्तर पर देशभर में होगा।

28 अप्रेल को ग्राम शक्ति कार्यक्रम का आयोजन किया जाएगा जिसमें आवास एवं सौभाग्य योजना के हकदार लोगों की भागीदारी रहेगी।

30 अप्रेल को आयुष्मान भारत दिवस मनाया जाएगा जिसमें ग्राम सभा में लाभांवित हितग्राहियों की सूची को पढ़कर सुनाया जाएगा। और यदि उस सूची में कोई त्रुटि है तो उसे सुधारा जाएगा।

30 अप्रेल को ही मोदी केयर मेडिक्लेम पॉलिसी लागू होगी जिसमें सभी गरीबों का इलाज के लिए सुविधा मिलेगी।

2 मई को किसान कल्याण कार्यशाला का आयोजन विकासखंड स्तर पर होगा। जिसमें कृषि वैज्ञानिक उन्नत कृषि तकनीक की जानकारी देंगे।

5 मई को आजीविका कौशल मेला का आयोजन होगा जिसमें आजीविका मिशन से जुड़ी महिलाओं के लिए आजीविका और स्किल डवलपमेंट से जुड़ी महिलाओं के लिए विशेष कार्यक्रम होंगे।

खबरें और भी हैं...