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सरकारी स्कूलों में लागू होगा एनसीईआरटी कोर्स

3 वर्ष पहले
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सरकारी स्कूलों के शिक्षक, अध्यापक अब पुराने तरीकों से बच्चों को नहीं पढ़ा पाएंगे। नए सत्र से बच्चों के साथ शिक्षकों को भी पढ़ाई के पुराने पैटर्न में बदलाव कर प्रोजेक्ट वर्क पर फोकस करना होगा। स्कूल शिक्षा विभाग शिक्षकों को पढ़ाई की नई तकनीक सिखाने के लिए ट्रेनिंग दी जा रही है। इसके तहत जिले से एक शिक्षकों को ट्रेनिंग के लिए भोपाल भेजा गया है। जो वहां से लौटकर जिले अन्य शिक्षकों को ट्रेनिंग देंगे।

एक समान शिक्षा नीति लागू करने की कवायद के तहत विभाग नए सत्र 2018-19 से सरकारी स्कूलों में विभागीय कोर्स की जगह अब एनसीईआरटी (राष्ट्रीय शैक्षिक अनुसंधान और प्रशिक्षण परिषद) का कोर्स पढ़ाया जाएगा। वर्तमान में अंग्रेजी और भाषा की ट्रेनिंग दी जा रही है। 21 से 26 मई तक गणित और विज्ञान विषय की ट्रेनिंग दी जाएगी। ट्रेनिंग लेने के लिए शिक्षको का चयन हुआ है। यह शिक्षक ट्रेनिंग लेने के बाद जिले के अन्य चयनित शिक्षकों को पढ़ाने का तरीका सिखाएंगे। हर ब्लॉक में छह मास्टर ट्रेनर्स तैयार किए जाएंगे।

विभाग के मुताबिक एनसीईआरटी की पाठ्यक्रम लागू होने से सीबीएसई और एमपी बोर्ड की पढ़ाई में कोई अंतर नहीं रहेगा। अक्सर प्रतियोगी परीक्षाओं में एनसीईआरटी के पाठ्यक्रम से प्रश्न पूछे जाते थे। जिससे एमपी बोर्ड के बच्चे हल नहीं कर पाते थे, लेकिन अब समान कोर्स होने से बच्चों को दिक्कत नहीं होगी। इसके अलावा देशभर में अगर समान शिक्षा लागू होती है तो बच्चों की समस्याएं खत्म हो जाएगी।

नए शिक्षण सत्र से एक समान शिक्षा नीति लागू करने की कवायद, जिले के शिक्षकों को सिखाएंगे पढ़ाने का तरीका

मप्र पाठ्य पुस्तक निगम में छपेंगी किताबें

सरकारी स्कूलों में एनसीईआरटी के कोर्स की किताबों की छपाई और निःशुल्क वितरण का काम मप्र पाठ्य पुस्तक निगम ही करेगा। मप्र शासन की ओर से राज्य शिक्षा केन्द्र एनसीईआरटी और निगम के बीच अनुबंध प्रक्रिया को जल्द पूरा करने को कहा गया है। सरकारी स्कूल के बच्चे भी प्रतियोगी परीक्षाओं के लिए तैयार रहेंगे, क्योंकि परीक्षा में ज्यादातर सवाल एनसीईआरटी पाठ्यक्रम से जुड़े होते हैं। प्रोजेक्ट बेस्ड कोर्स होने से हर विषय को बच्चे आसानी से समझ और सीख पाएंगे।

प्रतियोगी परीक्षाओं में मिलेगी मदद -एनसीईआरटी की किताबों को विभिन्न प्रतियोगी परीक्षाओं के लिए सर्वोत्तम माना जाता है। चाहे सिविल सेवा की परीक्षा हो या पीईटी, अधिकांश परीक्षाओं से जुड़े सवाल एनसीईआरटी की बुक्स से पूछे जाते हैं।

ऐसा होगा कोर्स

कक्षा 1 से 7- गणित, विज्ञान, पर्यावरण।

9वीं से 11वीं- गणित, विज्ञान, कॉमर्स।

8वीं, 10वीं से 12वीं-गणित, विज्ञान, कॉमर्स।

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