मंगल और केतु के संयोग से रोहिणी की शुरुआत 25 से
मंगल और केतु के संयोग से रोहिणी की शुरुआत 25 से
सीकर | मई की शुरुआत के साथ ही सूरज के तेवर तीखे हो गए हैं। भीषण गर्मी के साथ उमस ने लोगों को परेशान कर दिया है। 25 मई से रोहिणी की शुरुआत होगी। ज्योतिषियों का कहना है कि मंगल आैर केतु का संयोग इस बार रोहिणी में प्राकृतिक आपदाओं की स्थितियां बनाएगा। इस बीच भीषण गर्मी के अलावा बारिश के योग भी हैं। यानी रोहिणी गलेगी। नवतपा के दौरान बारिश की संभावनाएं हैं। 25 मई को सूर्य रोहिणी नक्षत्र में प्रवेश करेगा। इसी के साथ रोहिणी की शुरुआत होगी। आठ जून को रोहिणी समाप्त होगी। पं. अक्षय गौतम ने बताया एक मई से मंगल आैर केतु का संयोग बन रहा है। इन दोनों के साथ होने से प्राकृतिक आपदाओं की स्थितियां बनती हैं, जिससे भीषण गर्मी, आंधी-तूफान के साथ तेज हवा, आगजनी, दुर्घटनाएं व राजनीतिक उथल-पुथल की स्थितियां रहेगी।