रास्ते की चौड़ाई के लिए लोगों ने खुद हटाया था 885 मीटर का निर्माण, 100 मीटर अितक्रमण नगर परिषद ने हटाया
खटिकान प्याऊ से जगमालपुरा रोड जाने वाले रास्ते की चौड़ाई बढ़ाने के लिए लोगों ने खुद आगे आकर 885 मीटर निर्माण हटाया था। पूर्व पार्षद सहित कुछ लोग महज 100 मीटर निर्माण नहीं तोड़ने पर अड़े रहे। तीन बार समय लेने के बाद भी इन्होंने निर्माण नहीं हटाया तो मंगलवार को नगर परिषद की टीम मौके पर पहुंची। टीम ने तीन घंटे कार्रवाई कर साढ़े पांच फीट अंदर तक तीन मंजिला भवन सहित अतिक्रमण में आ रही दुकानें तोड़ दी। 35 से 40 फीट चौड़ाई वाले इस रास्ते पर नाला निर्माण का काम पूरा होने के बाद सड़क का काम होगा।
करीब डेढ़ साल पहले नगर परिषद ने जगमालपुरा रोड पर नाला निर्माण शुरू किया। रेवेन्यू रिकॉर्ड में रास्ते की चौड़ाई 35 से 42 फीट तक थी। जबकि मौके पर महज 20 से 25 फीट चौड़ाई थी। ऐसे में नाला निर्माण से पहले नगर परिषद के सामने करीब एक किमी लंबाई वाले इस रास्ते के दोनों तरफ अतिक्रमण हटाना बड़ी चुनौती थी। सभापति जीवण खां, पार्षद लतीफ, रेशमा वर्मा सहित परिषद अधिकारियों ने रेवेन्यू रिकॉर्ड और मास्टर प्लान का हवाला दे लोगों से समझाइश की। शुरुआत में विरोध हुआ, लेकिन धीरे-धीरे लोग रास्ते की चौड़ाई बढ़ाने पर सहमत होने लगे। लोगों ने खुद आगे आकर अपने घर-मकान ताेड़े, लेकिन खटिकान प्याऊ तक पहुंचने से पहले कुछ लोगों के विरोध के कारण मामला अटक गया। पूर्व पार्षद पूनमचंद खटिक सहित कुछ लोगों ने अवैध निर्माण नहीं हटाया। परिषद की टीम पहुंची तो शपथ पत्र देकर निर्माण हटाने के लिए 15 दिन का समय मांग लिया। तीन महीने बाद भी निर्माण हटाया। मंगलवार को परिषद की टीम पुलिस जाप्ते के साथ मौके पर पहुंची। यहां विरोध के बावजूद परिषद ने 100 मीटर में बने तीन मंजिला भवन व दुकानें तोड़ दी। इस दौरान आयुक्त श्रवणकुमार विश्नोई, राजस्व अधिकारी प्रमोद सोनी, एईएन अनिल कुमार, रघुनाथ सैनी, जेईएन विकास मिश्रा आदि मौजूद रहे।
सीकर. जेसीबी से अतिक्रमण हटाते हुए।
निर्माण तोड़ने के बाद भी खुश हैं लोग, कहते हैं-रास्ता सबके काम आएगा
मुस्लिम नागौरी ने जगमालपुरा रोड पर 7 साल पहले 13 फीट लंबी और 17 फीट चौड़ाई की दुकान खरीदी थी। रास्ते की चौड़ाई बढ़ाने के कारण दुकान महज छह फीट बची है। आगे का हिस्सा तोड़ने के बाद इसे वापस बनाना पड़ा। इस पर करीब 70 हजार रुपए खर्च करने पड़े। गफ्फार पंवार का कहना है कि प्लॉट में दुकान और पहली मंजिल पर मकान बनाया था। रास्ते की चौड़ाई के लिए दुकान और पहली मंजिल पर बने मकान को चार फीट तोड़ना पड़ा। मकान वापस ठीक करवाने पर करीब डेढ़ लाख रुपए खर्च होंगे। इनका कहना है कि निर्माण तोड़ने में संतुष्टि यह है कि रास्ते की चौड़ाई बढ़ेगी तो सब लोगों के आएगा।
कार्रवाई के दौरान मौजूद लोग।
अब होगा पानी निकासी का समाधान
जगमालपुरा रोड पर जलभराव की समस्या का समाधान करने के लिए परिषद ने करीब 70 लाख रुपए की लागत से वॉल टू वॉल नाला निर्माण मंजूर किया। यहां 985 मीटर लंबाई तक नाला बनाया जा रहा है। इसमें करीब 800 मीटर नाला निर्माण पूरा हो चुका है। आगे के काम अतिक्रमण के कारण अटका हुआ था। इस रास्ते पर वाहनों का भारी दबाव रहता है। क्योंकि यह रास्ता झीगर, भादवासी, आकवा, दीनारपुरा को भी जोड़ता है। इस रास्ते पर आरएफसी गोदाम, पाडा मंडी भी है। ऐसे में दिनभर आवागमन बना रहता है।