गुरु की कृपा से ही होता है जीवन का उद्धार
कुदरा गांव में वैदिक हनुमंत महायज्ञ प्राण प्रतिष्ठा कार्यकम में उपस्थित श्रद्धालु।
भास्कर न्यूज|सिसई
प्रखंड के कुदरा गांव में चल रहे सात दिवसीय श्रीश्री 1008 वैदिक हनुमंत महायज्ञ सह हनुमंत प्राण प्रतिष्ठा कार्यक्रम में हनुमानजी की आरती के साथ भगवत भजन कीर्तन आरंभ हुआ। तत्पश्चात जगतगुरु वनांचल पीठाधीश्वर स्वामी दीनदयाल ने कहा कि गुरु की कृपा से ही जीवन का उद्धार होता है। जिसकी जैसी दृष्टि होती है वैसे ही गुरु का दर्शन करता है। जिसकी जैसी भावना होती है वैसी ही जीवन दर्शन मिलता है। काम, क्रोध, मद, लोभ सभी जीव के शत्रु हैं। इसलिए मनुष्य को सदैव सतर्क रहना चाहिए। उन्होंने कहा कि भगवान एवं गुरु के पास हमेशा अज्ञानी बनकर जाना चाहिए। इसका उदाहरण श्री हनुमानजी हैं। बुधवार को हनुमानजी का जलाभिषेक किया गया। दूध, दही व घी से स्नान कराया गया। तत्पश्चात मंदिर परिसर में हनुमानजी का प्राण प्रतिष्ठा के लिए पूजा अर्चना की गई। 19 अप्रैल को हनुमानजी का नगर भ्रमण कराया जाएगा। 20 अप्रैल को प्राण प्रतिष्ठा के साथ मंदिर में स्थायी रूप से स्थापित किया जाएगा। वही बृंदावन से आये कलाकारों ने कृष्ण सुदामा की मित्रता की प्रगाढता को दिखाते हुए सुदामा द्वारिकाधीश भगवान श्री कृष्ण के दरबार में पहुंचने के दृश्य की आकर्षक झांकी निकाली।
महाराज जी का प्रवचन सुनने के लिए राज्यसभा सांसद समीर उरांव, बसिया पुलिस निरीक्षक अरबिन्द कुमार, थाना प्रभारी उपेंद्र कुमार सहित कुदरा भदौली, लकेया, सिसई, बरगांव, रेडवा, सकरौली, लरंगो, पुसो, छरदा, भुरसो, मुरगू सहित प्रखंड के विभिन्न गांव से हजारों की संख्या में भक्त जन उपस्थित थे।