पेंशनर्स से जुड़ी समस्याएं
श्रीगंगानगर। जिलेभर में पेंशनर्स की परेशानी कम होने का नाम नहीं ले रही। अधिकतर बुजुर्गों का कहना है कि विभाग ने अचानक पेंशन बंद कर दी। ब्लाॅक से लेकर जिला मुख्यालय तक चक्कर काटने के बावजूद पता नहीं चल रहा कि पेंशन क्यों बंद हो गई। आवेदकों को चाहिए कि वे ई-मित्र पर जाकर पुन: फार्म भरें और इसकी कॉपी नगरपरिषद या तहसील कार्यालय में जमा करवाएं। नगरपरिषद आयुक्त को बीते दिनों बताया गया था कि आवश्यक दस्तावेजों के अभाव में ही अनेक लोगों को योजना का लाभ नहीं मिल पा रहा है।
गत वर्ष 8वें महीने बाद पेंशन नहीं आई : वार्ड 29 के 66 वर्षीय महेंद्र प्रताप का कहना है कि पूर्व में उन्हें पेंशन मिलती रही है। लेकिन बीते साल आठवें महीने में अचानक पेंशन बंद हो गई। इस संबंध में कई जगह पूछताछ भी की गई, लेकिन समाधान आज तक नहीं हुआ। परेशानी की एक बड़ी वजह यह भी है कि पेंशन बंद होने के बाद कोई जानकारी तक नहीं दे रहा कि पेंशन क्यों बंद हुई और अब कब शुरू होगी।
गर्मी में होती है अधिक परेशानी : जवाहरनगर के 74 वर्षीय सुरजाराम का कहना है कि वे गुरुवार को सांस की तकलीफ पर जिला अस्पताल में दिखाने गए थे। लंबी लाइन में लगकर पर्ची कटवाई। इसके बाद डॉक्टर के पास 16 नंबर में लाइन में लगना पड़ा। गर्मी व अधिक उम्र की वजह से वहीं बैठ गए। ऐसे में पीछे लाइन में लगे लोग आगे निकल गए, डॉक्टर तो मिले, लेकिन पूरी परेशानी नहीं बता पाया।
ई-मित्र पर ऑनलाइन चढ़ाई, पेंशन आज तक नहीं मिली : सूरतगढ़ तहसील के सुखचैनपुरा निवासी 69 वर्षीय जमनाराम का कहना है कि वृद्धावस्था पेंशन के लिए गांव में ही ई-मित्र पर जाकर फार्म ऑनलाइन करवाया। इसके बाद अनेक बार ई-मित्र पर संपर्क किया तो कोई संतोषजनक जवाब नहीं मिल रहा। बुजुर्ग का कहना है कि प्रशासन को पेंशन संबंधी कार्य में अनावश्यक विलंब नहीं करना चाहिए।
अगर आप भी पेंशन से संबंधित समस्या से जूझ रहे हैं तो नंबर 9982216008 पर पूरी जानकारी वाॅट्सअप करें।
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