एमवाय अस्पताल में शुक्रवार रात जूनियर डॉक्टर और परिजन के बीच हुई हाथापाई के बाद शनिवार दोपहर जूनियर डॉक्टर्स हड़ताल पर चले गए। उन्होंने ओपीडी, ओटी, वार्ड और इमरजेंसी यूनिट सभी जगह काम बंद रखा। जूनियर डॉक्टर एसोसिएशन (जूडा) की मांग है कि मारपीट ड्यूटी के दौरान वार्ड में हुई, इसलिए डॉक्टर के बजाय अस्पताल प्रशासन एफआईआर दर्ज करवाए।
प्रसूति वार्ड में पुरुष अटेंडर के अंदर जाने को लेकर हुआ विवाद: दरअसल अस्पताल के स्त्री रोग विभाग में बीती रात सोना पति तुषार को महिला मोर्चा की सदस्य और परिजन प्रसूति के लिए लाए थे। उन्हें दो-तीन घंटे इंतजार करवाया गया। इसकी वजह बताई गई कि सोनोग्राफी की जाती है। प्रोटोकॉल के तहत इंतजार करना पड़ता है। जूनियर डॉक्टर एसोसिएशन का कहना है कि जब सोना को सोनोग्राफी के लिए कक्ष में ले जाया गया तब वहां अन्य महिलाएं भी थीं। उनके साथ पुरुष अटेंडर भी थे। उस समय पर पीजी फर्स्ट ईयर के डॉ. अभिषेक ड्यूटी पर थे। बताया जा रहा है कि विवाद पुरुष अटेंडर को अंदर जाने से मना करने को लेकर हुआ।