शास्त्री सर्कल स्थित गुरुद्वारा में सुबह 9.30 बजे अखंड पाठ
शास्त्री सर्कल स्थित गुरुद्वारा में सुबह 9.30 बजे अखंड पाठ साहब का समापन हुआ। निशान साहब का चोला बदला गया। ज्ञानी हरभजन सिंह के जत्थे के शबद-कीर्तन किए। दिनभर लंगर चला। सेक्टर-14 स्थित गुरुद्वारा दुख निवारण में भी निशान साहब का चोला बदला गया। जिसके बाद अखंड पाठ साहब हुआ। ज्ञानी गुरुप्रीत सिंह के जत्थे के शबद कीर्तन किए। गुरुद्वारा गुरु अर्जन दरबार सेक्टर-11 में सुबह 7 बजे निशान साहब का चोला बदला गया। शबद कीर्तन के बीच लंगर का दौर चला। गुरुद्वारा गुरुनानक दरबार, प्रताप नगर में महिलाओं ने सुखमणि साहेब का पाठ किया। लंगर का प्रसाद पाने सैकड़ों श्रद्धालु पहुंचे।
बैसाखी पर्व
गुरुद्वारों में गाया शबद, लंगर में पाया गुरु का प्रसाद
श्रद्धा से मनाई बैसाखी, सेवा में जुटा समाज
उदयपुर| खालसा पंथ के स्थापना दिवस बैसाखी पर्व शनिवार को श्रद्धा और उत्साह से मनाया गया। गुरुद्वारों में मत्था टेकने के लिए दिनभर श्रद्धालुओं की भीड़ रही। अटूट लंगर हुआ और शबद कीर्तन हुए। लोग परिवार के साथ गुरुद्वारा पहुंचे और विभिन्न समाज के लोगों ने भी लंगर चखा। गुरुद्वारा सचखंड दरबार में सुबह 5 बजे से ही सेवा का दौर आरम्भ हुआ। लंगर बनाने की सेवा में बड़ी संख्या में युवा भी आए। निशान साहिब का चोला बदलने के साथ शब्द कीर्तन हुए। ज्ञानी अजीतसिंह रागी, महेंद्र सिंह अौर दिल्ली से हजूरी रागी जगतार सिंह व उनके साथियों ने शबद कीर्तन किए। वाह वाह गोविंदसिंह आपे गुरु चेला..., खालसा अगम अगोचरा तेरा अंत पाया..., इन्हीं की कृपा के सजे हम हैं नहीं मोसे गरीब करोर परे हैं..., सवा लाख से एक लड़ाऊं... जैसे शबद गाए गए। अध्यक्ष सरदार तेजेंद्रसिंह रोबिन ने बताया कि सचखंड कॉलेज संस्थान के उपक्रम गुरु तेग बहादुर चिकित्सालय व आरएनटी मेडिकल कॉलेज के साझे में 70 लोगों ने रक्तदान किया। शाम को कीर्तन दीवान सजाए गए। बच्चों ने भी शबद गायन किया। सिख समाज गुरुद्वारा सचखंड दरबार ने यूआईटी सचिव रामनिवास मेहता को उत्कृष्ट कार्यों के लिए सम्मानित किया।
दूसरे राज्यों से आए रागी जत्थे, शिविर में 70 लोगों ने किया रक्तदान, शाम को सजा कीर्तन दीवान
निशान साहब के चोले बदले