सोशल मीडिया की दुनिया में वैचारिक मौलिकता नहीं
उदयपुर | मनोविशेषज्ञ डॉ. स्वाति गोखरू ने कहा कि आज मोबाइल बच्चों को तकनीक गुलाम बना रहे हैं। बच्चों का बचपन छिन रहा है। स्कूलों में क्लास रूम स्मार्ट हो गए हैं और खेल के मैदानों की जगह वर्चुअल दुनिया ने ले ली है। इन चीजों से बच्चों को दूर रखना चाहिए। डॉ. गोखरू रविवार को बेदला स्थित लर्न एंड ग्रो इंटरनेशनल प्री-स्कूल में बच्चों के मनोविज्ञान पर सेमिनार में बाेल रही थीं। उन्होंने कहा कि सोशल मीडिया और सेल्फी की दुनिया में वैचारिक मौलिकता खोने लगे हैं। स्कूल डायरेक्टर डेरेक और फियोना टॉप कहा कि नींव मजबूत होगी तो हमारा कल मजबूत होगा। मनोविशेषज्ञ डॉ. अजय चौधरी ने कहा कि बच्चों की साइकॉलोजी को इस तरह से विकसित करें कि वे अंदर से मजबूत बन सकें। बदलते परिवेश में तकनीक को नकारा नहीं जा सकता, लेकिन उसका सही व उतना ही इस्तेमाल करें, जिससे जीवन को आसान बना सकें।