जिला अस्पताल की रोगी कल्याण समिति में तीन अशासकीय सदस्य बनाए जा सकते हैं लेकिन तीन माह पहले जारी आदेश में चार लोगों को सदस्य बना दिया गया। इस वजह से न तो सदस्य समिति का कामकाज संभाल पाए और न रोकस की बैठक करवा पाए। प्रभारी मंत्री भूपेंद्र सिंह के अनुमोदन से जिला कलेक्टर ने 6 फरवरी 2018 को चार अशासकीय सदस्यों का मनोनयन किया था। जिसमें राजेश बोराना, बाघमल जैन, कैलाश सोनी व गजानंद सिंह को सदस्य मनोनीत किया गया। जिसमें यह हवाला दिया कि जिला अस्पताल रोगी कल्याण समिति की नियमावली-4.1 के अनुसार रोगी कल्याण समिति में अशासकीय सदस्यों को रखा है। जिसमें एक प्रतिनिधि गैर सरकारी संगठन, रोटरी, लायंस क्लब, एक सामाजिक कार्यकर्ता जिसका स्वास्थ्य के क्षेत्र में कार्य करने का अनुभव हो को लिया है। रोकस के नियम के अनुसार तीन सदस्यों का ही मनोनयन किया जा सकता है, इस वजह से तीन माह तक सदस्यों का पदभार ग्रहण नहीं करवाया जा सका, रोगी कल्याण समिति की बैठक नहीं हो पाई। आखिरकार अब जाकर इसमें संशोधन करते हुए गजानंद सिंह का नाम हटाया गया तथा राजेश बोराना, बाघमल जैन व कैलाश सोनी काे सदस्य बनाया।