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रेलवे गेट था बंद, बाइक चालक कर रहा था पार, उसी समय आ गई पठानकोट, बचा

3 वर्ष पहले
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सौंठिया रेलवे फाटक पर सोमवार सुबह करीब पौने 11 बजे अप लाइन पर भोपाल की ओर जा रही ट्रेन की चपेट में आने से एक बाइक चालक युवक बाल-बाल बच गया। फाटक बंद होने के बाद भी युवक अपनी बाइक के साथ पटरी क्रास कर रहा था। तब वहां से पठानकोट एक्सप्रेस गुजरी और युवक बच गया। उस वक्त वहां मौजूद लोग भी घबरा गए। हालांकि इसके बाद युवक वहां से अपनी बाइक लेकर चला गया। वहां मौजूद नीरज शर्मा ने बताया कि युवक ट्रेने आते ही कुछ सेकंड के बीच में ही हटा और बच गया, नहीं हो तो चपेट में आ जाता। जीआरपी थाना प्रभारी एडी कनारे ने बताया कि पटरी पार करने वालों पर कई बार कार्रवाई की जाती है। समझाइश देने के बाद भी लोग नहीं मानते।

सोंठिया फाटक पर ट्रेन निकलने से पहले ही पटरी पर खड़े हो जाते हैं लोग।

4 महीने में 24 की मौत, पिछले साल 78 ने गंवाई थी जान

जीआरपी थाना प्रभारी एडी कनारे ने बताया कि साल 2017 में जीआरपी थाना क्षेत्र में पटरी पर 78 लोग चपेट में आए थे। ट्रेन की चपेट में आने से हर महीने औसत 6 से ज्यादा लोग अपनी जान गवां रहे हैं। इस साल जनवरी से अब तक 24 मौतें पटरी पार करते वक्त हुई हैं। जीआरपी सूत्रों का कहना है कि शहर के मध्य से गुजरने के लिए अब तक दो रेलवे पटरियां थी। रेलवे की तीसरी लाइन बनने के बाद इस नई लाइन पर रेल यातायात का दबाव सबसे अधिक रहता है। लेकिन शहर के लोगों को पटरी पार करते समय तीसरी लाइन का ध्यान नहीं रहता। दो लाइन पार करने के बाद वे गफलत में रहते हैं और तीसरी लाइन पार करते समय वे ट्रेन की चपेट में आ जाते हैं।

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