ज़िरकपुर

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वीआईपी कल्चर खत्म करने का दावा मेनिफेस्टो में दफन

विधानसभा चुनाव से पहले कांग्रेस ने अपने मेनिफेस्टो में वादा किया था कि उनकी सरकार बनने पर वीआईपी कल्चर खत्म किया...

Dainik Bhaskar

Apr 17, 2018, 02:15 AM IST
वीआईपी कल्चर खत्म करने का दावा मेनिफेस्टो में दफन
विधानसभा चुनाव से पहले कांग्रेस ने अपने मेनिफेस्टो में वादा किया था कि उनकी सरकार बनने पर वीआईपी कल्चर खत्म किया जाएगा, लेकिन सोमवार को 9 एंबुलेंस को रवाना करने मोहाली आए सीएम कैप्टन अमरिंदर सिंह के साथ भारी संख्या में सिक्योरिटी गार्ड्स नजर आए। इसके अलावा सीएम के कॉलेज में होने के कारण स्टूडेंट्स को भी अंदर जाने के लिए पुिलस की मंजूरी लेनी पड़ी। -लखवंत सिंह

10 मीटर ऊंचे खंभे पर बिना सुरक्षा उपकरणों के काम कर रहा कर्मी करंट लगने से गिरा

झुलसा कर्मचारी अस्पताल में भर्ती, बिजली कर्मचारियों ने दिया धरना

सिटी रिपोर्टर|जीरकपुर

जीरकपुर-पटियाला रोड पर छत गांव के पास एयरपोर्ट चौक पर रविवार को डीपी बदलने के दौरान करंट लगने से लाइनमैन रामकरण बुरी तरह झुलस गया। वह 10 मीटर ऊंचे बिजली के खंभे पर चढ़ा था। सुरक्षा उपकरण न होने के कारण वह करंट लगने से नीचे गिर गया। उसे अस्पताल मंे भर्ती किया गया है।

पावरकाॅम के 3 जेई के खिलाफ नारेबाजी: हादसे के बाद रामकरण को उपचार दिलाने व उसकी मदद करने के लिए ठेका मुलाजिम इकट्ठा हुए। कर्मचारी यूनियन के प्रधान बलीहार सिंह ने बताया कि हादसे के बाद पावरकाॅम के तीन जेई गुरप्रीत सिंह, सरबजोत सिंह व अमृतपाल सिंह ने कहा कि काेई भी रामकरण की मदद न करे। उस कर्मचारी के हक में आवाज उठाने के खिलाफ हमें धमकाया। इससे ठेकाकर्मियों में रोष व्याप्त हो गया। इस कारण गुस्साएं ठेकाकर्मियों और घायल के घरवालों ने पावरकाॅम दफ्तर का घेराव कर विरोध प्रदर्शन किया। जीरकपुर पावरकॉम के अंतर्गत करीब 28 निजी कर्मचारी कार्यरत हैं। सोमवार को सभी काम छोड़कर धरने पर बैठे रहे। बलिहार सिंह ने बताया कि रामकरन बिजली बोर्ड में ठेका आधारित लाइनमैन है। वह गांव छत में हाईटेंशन तारों पर काम कर रहा था। तार बदलने के दौरान अचानक वह करंट की चपेट में आ गया और उसे जबरदस्त झटका लगा। इसके चलते वह बुरी तरह झुलस कर 10 मीटर के खंभे से नीचे गिर गया जिसे इलाज के लिए सोहन स्थित गुरु हरकृष्ण साहिब चैरिटेबल अस्प्ताल में भर्ती करवाया गया। धरने के दौरान गुरदीप दियोल, मानी, किमी और रजिंदर कुमार ने जेई गुरप्रीत सिंह, सरबजोत व अमृतपाल सिंह पर आरोप लगाया कि वह सभी ठेकाआधारित कर्मचारियों को धरना लगाने पर काम से हटाने के लिए धमकियां दे रहे हैं।

कर्मचारी बोले-सही सुरक्षा उपकरण नहीं िदए

धरना दे रहे कर्मचारियों ने आरोप लगाया कि यह हादसा पावरकॉम की लापरवाही, वर्कलोड ज्यादा होने व उन्हें उपयुक्त टूल्स न देने के कारण हुआ। उन्होंने बताया कि पावरकॉम ने उन्हें पिछले 4 महीने से सैलरी नहीं दी है जिससे उनकी आर्थिक स्थित बदतरा होती जा रही है। पावरकॉम के किसी अधिकारी ने इस बारे में बात नहीं की।

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