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ज्यादातर बिल्डिंग्स में नहीं फायर सेफ्टी के इंतजाम

जीरकपुर में बनने वाली अधिकतर बिल्डिंग्स में फायर सेफ्टी नॉर्म्स पूरे नहीं किए गए हैं। इसके लिए सीधे तौर पर यहां की...

Danik Bhaskar | Jun 15, 2018, 02:20 AM IST
जीरकपुर में बनने वाली अधिकतर बिल्डिंग्स में फायर सेफ्टी नॉर्म्स पूरे नहीं किए गए हैं। इसके लिए सीधे तौर पर यहां की नगर परिषद के अधिकारी हैं जो बिना जांच किए ही बिल्डिंग की एनओसी दे देते हैं। जबकि ऐसा नहीं होना चाहिए।

जीरकपुर में किसी भी रेजिडेंशियल और कमर्शियल मल्टीस्टोरीज बिल्डिंग्स के तैयार होने के बाद फायर ब्रिगेड डेराबस्सी से एनओसी प्राप्त करनी जरुरी है। परन्तु यहां ऐसा नहीं है। अधिकतर बिल्डिंग बिना फायर की एनओसी के ही तैयार खड़ी हैं। डेराबस्सी फायर ब्रिगेड की टीम ने वीरवार को जीरकपुर में कई बिल्डिंग की चेकिंग की। फायर अफसर मंजीत सिंह ने बताया कि सरकार की ओर से जारी स्टैंडिंग आॅर्डर आॅफ पंजाब फायर सर्विस और फायर सेफ्टी एक्ट के मुताबिक फैक्ट्री, कमर्शियल बिल्डिंग, स्कूल, काॅलेज, बहुमंजिला इमारत, दफ्तर, सरकस, मेले, सिनेमा, माल, मैरिज पैलेसों की नक्शों की मंजूरी करने से पहले स्थानीय फायर ब्रिगेड विभाग की ओर से एनओसी लेना जरूरी होता है। पर यहां ऐसा नहीं हो रहा हे।

हम यहां कर रहे है निरीक्षण: मंजीत सिंह ने बताया कि किसी भी कमर्शियल बिल्डिंग और बहुमंजिला इमारत का नक्शा के पास करवाने से पहले यह सुनिश्चित करना होता है कि उसमें फायर सेफ्टी के लिए रखे गए सभी मापदंड पूरे किये जा रहे हैं या नहीं। उनकी रिपोर्ट के बाद ही नगर कौंसिल जीरकपुर की तरफ से किसी बिल्डिंग का नक्शा के पास करना होता है परन्तु यहां फायर विभाग की परमिशन के बिना ही नक्शे के पास हो रहे हैं।

रटा रटाया जवाब: जीरकपुर एमसी के ईओ मनवीर सिंह गिल ने कहा कि यदि शहर में बिना फायर ब्रिगेड की परमिशन से बिल्डिंगें बनीं हैं तो जल्द ही कार्रवाई की जाएगी।

फायर डिपार्टमेंट की मंजूरी बिना ही बनी बिल्डिंग्स... वीरवार को गाजीपुर की अनंता होम्स और अन्य कई सोसायटी में निरीक्षण किया तो यह बात सामने आई। कि शहर में बनकर तैयार हो रही ज्यादातर कमर्शियल और बहुमंजिला रिहाइशी इमारतें बिना फायर विभाग की मंजूरी से ही बन रही हैं। डेराबस्सी फायर अफ़सर डेराबस्सी मंजीत सिंह बताया कि स्कूलों, कालेजों के अलावा अब तक कुछ ही कमर्शियल बिल्डिंग्स या रिहायशी बहुमंजिला इमारतों को ही प्रोविजनल मंजूरी दी गई है। इसके अलावा उनकी तरफ से कोई भी एनओसी जारी नहीं की गई। उन्होंने कहा कि एनओसी जारी की सोसायटीज की असली जानकारी दफ्तर में रिकार्ड देख कर ही बता सकते हैं